भारतीय किसान यूनियन (BKU) के राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत (Rakesh Tikait) को ओडिशा की राजधानी भुवनेश्वर में किसानों के धरने-प्रदर्शन में शामिल होने जाते समय गिरफ्तार कर लिया गया है। इस गिरफ्तारी की खबर फैलते ही भाकियू कार्यकर्ताओं के बीच नाराजगी और आक्रोश का माहौल है।
भुवनेश्वर । भारतीय किसान यूनियन (BKU) के राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत (Rakesh Tikait) को ओडिशा की राजधानी भुवनेश्वर (Bhubaneswar) में किसानों के धरने-प्रदर्शन में शामिल होने जाते समय गिरफ्तार कर लिया गया है। इस गिरफ्तारी की खबर फैलते ही भाकियू कार्यकर्ताओं के बीच नाराजगी और आक्रोश का माहौल है।
भुवनेश्वर में किसानों का आंदोलन 22 मार्च से विभिन्न मुद्दों को लेकर चल रहा है। संयुक्त किसान मोर्चा (Samyukt Kisan Morcha) के आह्वान पर सोमवार को बड़ी संख्या में किसान इस आंदोलन में शामिल होने के लिए एकत्र हुए थे। इसी दौरान, आंदोलन में समर्थन देने जा रहे भाकियू प्रवक्ता राकेश टिकैत (BKU Spokesperson Rakesh Tikait) को पुलिस ने रोक लिया और गिरफ्तार कर लिया।
भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत को ओडिशा पुलिस ने किया अरेस्ट
◆ वीडियो शेयर करते हुए टिकैत ने लिखा, "उड़ीसा राज्य के किसान 22 मार्च 2026 से अपनी सभी मांगों को लेकर पैदल मार्च कर राजधानी भुवनेश्वर पहुंच रहे थे और हम भी शामिल थे तभी पुलिस ने अरेस्ट किया"… pic.twitter.com/BMCdcibHol
— News24 (@news24tvchannel) March 30, 2026
भाकियू (BKU) के जिलाध्यक्ष नवीन राठी ने इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि किसानों के आंदोलन को दबाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि ओडिशा के किसान जल, जंगल और जमीन जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि भाकियू (BKU) का शीर्ष नेतृत्व इस मामले पर बातचीत कर रहा है और पूरी स्थिति पर नजर रखी जा रही है। यदि आवश्यकता पड़ी तो इसके विरोध में आंदोलन शुरू किया जा सकता है।
यह गिरफ्तारी ऐसे समय में हुई है जब देश भर में किसानों के मुद्दे एक बार फिर चर्चा में हैं। भाकियू (BKU) और अन्य किसान संगठन विभिन्न मांगों को लेकर अपनी आवाज उठाते रहे हैं। राकेश टिकैत की गिरफ्तारी को किसानों के आंदोलन को कमजोर करने के प्रयास के रूप में देखा जा रहा है, जिससे किसान संगठनों में असंतोष फैल गया है।