जम्मू-कश्मीर के राजौरी जिले में इन दिनों आतंक का कारण कोई आतंकी गतिविधि नहीं बल्कि हिंसक हो चुके आवारा कुत्ते बने हुए हैं। कोट्रांका ब्लॉक में पिछले दो दिनों के दौरान कुत्तों के हमले में 9 लोग घायल हो चुके हैं। लगातार बढ़ते खतरे को देखते हुए प्रशासन ने इलाके के करीब दो दर्जन स्कूलों को अस्थायी तौर पर बंद रखने का फैसला किया है ताकि बच्चों को किसी संभावित हमले से बचाया जा सके...
राजौरी: जम्मू-कश्मीर के राजौरी जिले में इन दिनों आतंक का कारण कोई आतंकी गतिविधि नहीं बल्कि हिंसक हो चुके आवारा कुत्ते बने हुए हैं। कोट्रांका ब्लॉक में पिछले दो दिनों के दौरान कुत्तों के हमले में 9 लोग घायल हो चुके हैं। लगातार बढ़ते खतरे को देखते हुए प्रशासन ने इलाके के करीब दो दर्जन स्कूलों को अस्थायी तौर पर बंद रखने का फैसला किया है ताकि बच्चों को किसी संभावित हमले से बचाया जा सके। सोमवार की सुबह जब जम्मू के राजौरी जिले के कोट्रांका ब्लॉक में बच्चे स्कूल जाने की तैयारी कर रहे थे, तभी जिला प्रशासन की ओर से एक नोटिस आया, इसमें घोषणा की गई थी कि करीब दो दर्जन स्कूल दिन भर बंद रहेंगे।
जानकारी के अनुसार रविवार को कुत्तों के हमले में घायल हुए छह लोगों को इलाज के लिए सरकारी स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया, जबकि सोमवार को तीन और लोगों को अस्पताल लाया गया। लगातार सामने आ रही घटनाओं के बाद स्थानीय लोगों में डर का माहौल बन गया। सोमवार शाम एक कुत्ते के दोबारा हमला करने की खबर के बाद एक ग्रामीणों ने उसे लाठी से मार दिया।
प्रशासन ने स्थिति को गंभीर मानते हुए पुलिस, CRPF और ग्राम रक्षा गार्डों की मदद से इलाके में निगरानी बढ़ा दी है। अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि संदिग्ध हिंसक कुत्तों को सुरक्षित तरीके से पकड़ा जाए और पशु कल्याण से जुड़े नियमों का पालन करते हुए उनकी जांच और टीकाकरण कराया जाए। पशुपालन विभाग को भी प्रभावित इलाकों में टीकाकरण अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशासन के मुताबिक हमलों में शामिल एक कुत्ते की मौत हो चुकी है लेकिन स्थानीय लोगों का कहना है कि इलाके में ऐसे कई हिंसक कुत्ते अब भी घूम रहे हैं। समस्या इसलिए भी बढ़ गई है क्योंकि मक्के की खड़ी फसलों में कुत्तों को छिपने की जगह मिल रही है जिससे उन्हें तलाशना और पकड़ना मुश्किल हो रहा है।
फिलहाल प्रशासन की प्राथमिकता लोगों खासकर स्कूली बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। अधिकारियों ने सभी संबंधित विभागों को आपसी तालमेल के साथ तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं ताकि आगे ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
रिपोर्ट: कल्पना पाण्डे