रामनगरी अयोध्या में राम मंदिर दानपात्र प्रकरण (Ram Mandir Donation Box Case) की एसआईटी जांच (SIT Investigation) तेज हो गई है। स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) ने शुक्रवार को ट्रस्ट के भूमि खरीद से जुड़े दस्तावेजों की पड़ताल शुरू कर दी है।
अयोध्या। रामनगरी अयोध्या में राम मंदिर दानपात्र प्रकरण (Ram Mandir Donation Box Case) की एसआईटी जांच (SIT Investigation) तेज हो गई है। स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) ने शुक्रवार को ट्रस्ट के भूमि खरीद से जुड़े दस्तावेजों की पड़ताल शुरू कर दी है। सूत्रों के अनुसार, पूछताछ में ट्रस्ट की ओर से खरीदी गई जमीन, मकान, भुगतान प्रक्रिया और संबंधित अभिलेखों की जानकारी ली गई है।
एसआईटी (SIT) ने भूमि खरीद में शामिल गवाहों की सूची मांगी है। उन्हें भी तलब किए जाने की तैयारी है। जांच टीम भुगतान प्रक्रिया की भी पड़ताल करेगी। सूत्रों का कहना है कि भूमि खरीद से जुड़े कई अन्य लोगों से भी पूछताछ हो सकती है।
SIT ने बैंक कर्मचारियों को किया तलब
बताते चलें कि चढ़ावा चोरी मामले की जांच तेज हो गई है। SIT की टीम शुक्रवार सुबह गेस्ट हाउस से राम जन्मभूमि परिसर के लिए रवाना हुई। जांच के तहत आज भी परिसर में पूछताछ का दौर जारी रहेगा। SIT ने मामले से जुड़े तथ्यों की पड़ताल के लिए बैंक कर्मचारियों को भी तलब किया है।
बैंक कर्मचारियों से बंद कमरे में पूछताछ जारी है। टीम वित्तीय लेनदेन और अन्य दस्तावेजों से संबंधित पहलुओं की जांच कर रही है। अधिकारियों के अनुसार, पूछताछ और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। मामले की हर पहलू से गहन जांच की जा रही है।
पूछताछ का दायरा और बढ़ेगा
राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले (Ram Mandir Donation Theft Case) की जांच के लिए बृहस्पतिवार को एसआईटी (SIT) अयोध्या पहुंची थी। ट्रस्ट के प्रमुख पदाधिकारियों चंपत राय, अनिल मिश्रा व गोपाल राव से करीब चार घंटे तक पूछताछ की। टीम ने चढ़ावे के ऑडिट से जुड़े दस्तावेज कब्जे में लिए और पदाधिकारियों से इससे जुड़े सवाल पूछे। सूत्रों के अनुसार पूछताछ में कई सवालों के संतोषजनक जवाब नहीं मिले जिससे आने वाले दिनों में पूछताछ का दायरा और बढ़ेगा। वहीं, पुलिस की आपराधिक जांच भी जारी है। इससे इन सभी पर अब पुलिस और एसआईटी का दोहरा शिकंजा कसेगा।