लखनऊ। रामकृष्ण मठ लखनऊ (Ramakrishna Math, Lucknow) के अध्यक्ष स्वामी मुक्तिनाथानंद (Swami Muktinathananda) ने गुरुवार को प्रातः कालीन सत्प्रसंग में कहा कि भारतीय दर्शन में कर्मयोग का अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान है। श्रीमद्भगवद्गीता (Srimad Bhagavad Gita) में भगवान श्रीकृष्ण ने कर्म को केवल जीवन-निर्वाह का साधन नहीं, बल्कि आत्मविकास और
