1. हिन्दी समाचार
  2. उत्तर प्रदेश
  3. जंतर-मंतर घटना की स्वतंत्र न्यायिक जांच हो व प्रदर्शनों के लिए राष्ट्रीय प्रोटोकॉल बनाया जाए : अमिताभ ठाकुर

जंतर-मंतर घटना की स्वतंत्र न्यायिक जांच हो व प्रदर्शनों के लिए राष्ट्रीय प्रोटोकॉल बनाया जाए : अमिताभ ठाकुर

नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर आयोजित राजनीतिक कार्यक्रम के दौरान आज हुई घटनाओं के संबंध में आजाद अधिकार सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमिताभ ठाकुर (Amitabh Thakur) ने भारत सरकार के गृह सचिव को पत्र भेजकर सेवानिवृत्त उच्च न्यायालय के न्यायाधीश की अध्यक्षता में स्वतंत्र न्यायिक जांच कराए जाने की मांग की है।

By santosh singh 
Updated Date

लखनऊ। नई दिल्ली के जंतर-मंतर (Jantar Mantar) पर आयोजित राजनीतिक कार्यक्रम के दौरान आज हुई घटनाओं के संबंध में आजाद अधिकार सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमिताभ ठाकुर (Amitabh Thakur) ने भारत सरकार के गृह सचिव को पत्र भेजकर सेवानिवृत्त उच्च न्यायालय के न्यायाधीश की अध्यक्षता में स्वतंत्र न्यायिक जांच (Independent Judicial Inquiry) कराए जाने की मांग की है।

पढ़ें :- केमिस्ट्री प्रोफेसर से राजनीति तक का सफर: कौन है भाजपा IT सेल की कमान संभालने वाले दीपक महस्के

उन्होंने कहा कि इस घटना को लेकर प्रदर्शनकारियों तथा पुलिस, दोनों पक्षों की ओर से भिन्न-भिन्न दावे किए जा रहे हैं। ऐसी स्थिति में राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप के स्थान पर निष्पक्ष, स्वतंत्र एवं पारदर्शी जांच ही सत्य को सामने ला सकती है तथा लोकतांत्रिक संस्थाओं में जनता का विश्वास सुदृढ़ कर सकती है।

पढ़ें :- बीजेपी आईटी सेल प्रमुख पद से छुट्टी होने पर अमित मालवीय की पहली प्रतिक्रिया, बोले- 'मेरे 11 साल के कार्यकाल में...'

उन्होंने अपने पत्र में जांच पूरी होने तक सभी सीसीटीवी फुटेज, पुलिस वीडियो, बॉडी-कैमरा रिकॉर्डिंग तथा अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों को सुरक्षित रखे जाने की बात कही है। अमिताभ ठाकुर (Amitabh Thakur)  ने भारत सरकार से देशभर में सभी सरकारों तथा सभी राजनीतिक दलों पर समान रूप से लागू होने वाला “लोकतांत्रिक प्रदर्शनों हेतु राष्ट्रीय प्रोटोकॉल” तैयार किये जाने का अनुरोध किया है।

इस प्रोटोकॉल में शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों के अधिकार व कर्तव्य, पुलिस व अन्य कानून-प्रवर्तन एजेंसियों के अधिकार, दायित्व एवं सीमाएं, बल प्रयोग एवं निरोध की स्पष्ट प्रक्रिया, महत्वपूर्ण पुलिस कार्रवाई की अनिवार्य ऑडियो-वीडियो रिकॉर्डिंग तथा पुलिस ज्यादती अथवा अन्य अनियमितता के आरोपों की स्वतंत्र समीक्षा की व्यवस्था की बात कही गयी है।

इन टॉपिक्स पर और पढ़ें:
Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक, यूट्यूब और ट्विटर पर फॉलो करे...