आम आदमी पार्टी (AAP) ने अपने अधिकारिक एक्स पोस्ट पर वीडियो शेयर कर लिखा कि जब नाश मनुज पर छाता है, पहले विवेक मर जाता है। भाजपा (BJP) के पापों का घड़ा अब भर चुका है। पार्टी ने लिखा कि जिन संकटमोचन हनुमान जी के एक हुंकार से तीनों लोक कांप उठते हैं, उन्हीं के स्वरूप को भाजपा (BJP) ने अपनी राजनीतिक रैली में नचाकर महापाप किया है।
नई दिल्ली। आम आदमी पार्टी (AAP) ने अपने अधिकारिक एक्स पोस्ट पर वीडियो शेयर कर लिखा कि जब नाश मनुज पर छाता है, पहले विवेक मर जाता है। भाजपा (BJP) के पापों का घड़ा अब भर चुका है। पार्टी ने लिखा कि जिन संकटमोचन हनुमान जी के एक हुंकार से तीनों लोक कांप उठते हैं, उन्हीं के स्वरूप को भाजपा (BJP) ने अपनी राजनीतिक रैली में नचाकर महापाप किया है। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन (BJP National President Nitin Nabin) की रैली में हुआ यह कृत्य पूरे सनातन समाज की आस्था का घोर अपमान है।
“जब नाश मनुज पर छाता है, पहले विवेक मर जाता है।”
भाजपा के पापों का घड़ा अब भर चुका है।
जिन संकटमोचन हनुमान जी के एक हुंकार से तीनों लोक कांप उठते हैं, उन्हीं के स्वरूप को भाजपा ने अपनी राजनीतिक रैली में नचाकर महापाप किया है। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन जी की रैली में… pic.twitter.com/dayqrEypXh
— AAP (@AamAadmiParty) July 6, 2026
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भाजपा ने पहले भगवान श्रीराम के नाम पर राजनीति की। फिर अयोध्या श्रीराम मंदिर में डकैती करने वालों को संरक्षण दिया। और अब संकटमोचन हनुमान जी के स्वरूप के हाथ में पार्टी का झंडा थमाकर उन्हें चुनावी रैली का हिस्सा बना दिया गया। यह आस्था का अनादर है। भाजपा के अहंकार का अंत निश्चित है।
तथाकथित हिंदुओं की “ठेकेदार” बीजेपी का असली चेहरा देखिये
BJP अध्यक्ष अपने रथ के आगे हनुमान जी को भाजपा का झंडा लेकर नचवा रहे है!
शर्मनाक है❗ pic.twitter.com/F72F0amAOD
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— कनिष्क पांडेय ~ Kanishka Pandey (@KanishkaPandey_) July 6, 2026
एक यूजर ने लिखा कि भाजपा ने धार्मिक आस्था को राजनीति का साधन बना दिया है। हनुमान जी के स्वरूप का चुनावी रैली में उपयोग करोड़ों सनातनियों की भावनाओं का अपमान है। आस्था का सम्मान होना चाहिए, राजनीतिक प्रदर्शन का माध्यम नहीं।