अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मंगलवार को फ्रांस पर कड़ा रुख अपनाते हुए उसकी आलोचना की। फ्रांस ने उन अमेरिकी विमानों को अपने हवाई क्षेत्र से गुज़रने की अनुमति नहीं दी थी जो सैन्य साजो-सामान से लदे होकर इज़रायल जा रहे थे। Truth Social पर एक पोस्ट में उन्होंने फ्रांस को ईरान के मामले में गैर-मददगार बताया और कहा कि वॉशिंगटन इस बात को याद रखेगा।
नई दिल्ली। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मंगलवार को फ्रांस पर कड़ा रुख अपनाते हुए उसकी आलोचना की। फ्रांस ने उन अमेरिकी विमानों को अपने हवाई क्षेत्र से गुज़रने की अनुमति नहीं दी थी जो सैन्य साजो-सामान से लदे होकर इज़रायल जा रहे थे। Truth Social पर एक पोस्ट में उन्होंने फ्रांस को ईरान के मामले में गैर-मददगार बताया और कहा कि वॉशिंगटन इस बात को याद रखेगा। ट्रंप ने Truth Social पर लिखा कि फ्रांस देश ने इज़रायल जा रहे उन विमानों को, जो सैन्य साजो-सामान से लदे थे। अपने क्षेत्र के ऊपर से उड़ने की अनुमति नहीं दी। फ्रांस ईरान ये युद्ध को लेकर बिल्कुल भी मददगार साबित नहीं हुआ है।
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि शत्रुतापूर्ण रवैये के कारण इजरायल ने फ्रांस को अपनी रक्षा सामग्री की बिक्री रोक दी है। सूत्रों ने बताया कि यह फैसला पिछले दो वर्षों के दौरान इज़रायल के प्रति फ्रांस के शत्रुतापूर्ण रवैये का नतीजा था। रिपोर्ट में आगे कहा गया कि इज़रायल के रक्षा मंत्री काट्ज़ ने औपचारिक रूप से यह रोक लगाने का आदेश दिया, लेकिन इतने महत्वपूर्ण फैसले को तभी लागू किया जा सकता था, जब यह पीएम नेतन्याहू की प्राथमिकताओं में शामिल हो। Jerusalem Post के अनुसार एक इज़रायली अधिकारी ने बताया कि फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों का यह फैसला कि अमेरिकी विमानों को इज़रायल जाते समय फ्रांस के हवाई क्षेत्र से गुज़रने की अनुमति नहीं दी जाएगी। इस कारण रक्षा सामग्री की खरीद-बिक्री रोकने का फैसला लिया गया। यह नया घटनाक्रम इटली द्वारा अमेरिका को सिगोनेला बेस के इस्तेमाल की अनुमति न दिए जाने की रिपोर्ट सामने आने के बाद हुआ है। इटली के रक्षा मंत्री गुइडो क्रोसेटो ने सोमवार को अमेरिका को सिगोनेला बेस के इस्तेमाल की अनुमति देने से इनकार कर दिया।