1. हिन्दी समाचार
  2. तकनीक
  3. Artifical Intelligence : ChatGPT को  BharatGPT से मिलेगी टक्कर, मुकेश अंबानी की रिलायंस इंडस्ट्रीज द्वारा समर्थित AI तहलका मचाने को तैयार

Artifical Intelligence : ChatGPT को  BharatGPT से मिलेगी टक्कर, मुकेश अंबानी की रिलायंस इंडस्ट्रीज द्वारा समर्थित AI तहलका मचाने को तैयार

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के इस दौर में ChatGPT को  BharatGPT से  टक्कर मिलेगी। AI यानी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की दुनिया में मुकेश अंबानी की रिलायंस इंडस्ट्रीज द्वारा समर्थित AI   BharatGPT  तहलका मचाने को तैयार है।

By अनूप कुमार 
Updated Date

Artifical Intelligence : आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के इस दौर में ChatGPT को  BharatGPT से  टक्कर मिलेगी। AI यानी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की दुनिया में मुकेश अंबानी की रिलायंस इंडस्ट्रीज द्वारा समर्थित AI    BharatGPT  तहलका मचाने को तैयार है। भारत में मुकेश अंबानी की रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड भी तहलका मचाने को पूरी तरह तैयार है। कंपनी भारत के टॉप इंजीनियरिंग स्कूलों के साथ मिलकर  अगले महीने यानी मार्च में अपनी पहली ChatGPT-स्टाइल सर्विस शुरू करने जा रही है। इसे कंपनी BharatGPT के नाम से पेश करेगी। इस माडल की एक झलक  मुंबई में एक टेक्नोलॉजी कांफ्रेंस में देखने को मिली। बता दें कि भारत की सबसे वैल्युएबल कंपनी और आठ एफिलिएटेड यूनिवर्सिटीज को शामिल करने वाले BharatGPT ग्रुप ने मंगलवार को मुंबई में एक टेक्नोलॉजी कांफ्रेंस के दौरान बड़े लैंग्वेज मॉडल की एक झलक पेश की है।

पढ़ें :- एक्सपोर्ट प्रमोशन मिशन के तहत भारत की एक्सपोर्ट ग्रोथ को सपोर्ट कर रहा है टी एन वी इंस्पेक्शन डिवीजन

दक्षिणी भारत में एक मोटरसाइकिल मैकेनिक ने इस AI से अपने कुछ सवाल पूछे जिसका इस चैटबॉट ने बहुत ही सुंदर ढंग से जवाब दिया।

विश्वविद्यालयों के सहयोग से विकसित किया गया
वहीं इस AI टूल का यूज एक बैंकर ने भी किया। चैटबॉट ने हिंदी में शख्स के सभी सवालों के जवाब दिए। इसके अलावा हैदराबाद में एक डेवलपर इसका यूज कंप्यूटर कोड लिखने के लिए करता दिखा। कहा जा रहा है की ये AI मॉडल इस आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की दौड़ में भारत की प्रगति का प्रतिनिधित्व करेगा।

विश्वविद्यालयों के सहयोग से विकसित किया गया
जानकारी के मुताबिक BharatGPT चार बड़े फील्ड यानी हेल्थ केयर, गवर्नेंस, फाइनेंसियल सर्विसेज और एजुकेशन में 11 स्थानीय भाषाओं पर काम करेगा। ये AI मॉडल वायरलेस कैरियर रिलायंस जियो इन्फोकॉम लिमिटेड और भारत सरकार द्वारा समर्थित, बॉम्बे सहित भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान विश्वविद्यालयों के सहयोग से विकसित किया गया है।

पढ़ें :- रिलायंस ने रूसी तेल की डिलीवरी की बात से किया इनकार, सौरभ भारद्वाज बोले- अब भाजपाई क्या करेंगे?
Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक, यूट्यूब और ट्विटर पर फॉलो करे...