इजरायल और ईरान के बीच युद्ध छिड़ गया है। इसमें अमेरिका भी बड़ी भूमिका निभा रहा है। इजरायल ने ईरान की राजधानी तेहरान समेत कई जगहों को निशाना बनाया है। इसको लेकर स्थिति तनावपूर्ण होती जा रही है। मीडिया रिपोर्ट की माने तो ईरान के दक्षिणी शहर मिनाब में स्थित एक स्कूल पर इजरायली हमले में मरने वालों की संख्या 50 तक पहुंच गयी है।
Israel-Iran War: इजरायल और ईरान के बीच युद्ध छिड़ गया है। इसमें अमेरिका भी बड़ी भूमिका निभा रहा है। इजरायल ने ईरान की राजधानी तेहरान समेत कई जगहों को निशाना बनाया है। इसको लेकर स्थिति तनावपूर्ण होती जा रही है। मीडिया रिपोर्ट की माने तो ईरान के दक्षिणी शहर मिनाब में स्थित एक स्कूल पर इजरायली हमले में मरने वालों की संख्या 50 तक पहुंच गयी है।
मीडिया रिपोर्ट की माने तो, हमले के समय स्कूल में लगभग 170 छात्र मौजूद थे। राहत और बचाव अभियान जारी होने के कारण मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। यानी देशों के हमलों में अब तक कुल 54 मौते हो चुकी हैं। इसमें मिनाब शहर के स्कूल की 51 छात्राएं शामिल हैं।
वहीं, इजराइली सेना ने देश की ओर बढ़ती मिसाइलों की भारी खेप को लेकर अलर्ट जारी किया हैं सेना ने चेतावनी दी है कि, जल्द ही मिसाइलों की बड़ी बौछार हो सकती है। नागरिक को तुरंत सुरक्षित जगह जाने के निर्देश दिए हैं। इससे पहले भी सेना ने बताया था कि रक्षा प्रणाली आने वाले खतरों को रोकने के लिए सक्रिय है। पूरे देश में सुरक्षा सायरन बजाए जा रहे हैं और आपात व्यवस्था लागू कर दी गई है।
अमेरिका और इजरायल पर साधा निशाना
वहीं, ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने इस तनावपूर्ण स्थित के बीच इजरायल और अमेरिका पर बड़ा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि, ईरान के खिलाफ छेड़ी गई जंग गैरकानूनी और बिना उकसावे की कार्रवाई है। सोशल मीडिया पर जारी बयान में उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने अमेरिका फर्स्ट नीति को इजरायल फर्स्ट में बदल दिया है। अराघची ने कहा कि ईरान की सशस्त्र सेनाएं पूरी तरह तैयार हैं और हमलावरों को उचित जवाब देते हुए कड़ा सबक सिखाया जाएगा।