21 जून को भारत समेत पूरे उत्तरी गोलार्ध में साल का सबसे लंबा दिन है। इस परिघटना को समर सॉल्सटिस (ग्रीष्म संक्रांति) कहते हैं। यह अदभुद घटना तब घटती है जब सूर्य कर्क रेखा (23.5° उत्तरी अक्षांश) के ऊपर होता है जिसके चलते पृथ्वी का उत्तरी गोलार्द्ध सूर्य के करीब होता है।
Summer Solstice : 21 जून को भारत समेत पूरे उत्तरी गोलार्ध में साल का सबसे लंबा दिन है। इस परिघटना को समर सॉल्सटिस (ग्रीष्म संक्रांति) कहते हैं। यह अदभुद घटना तब घटती है जब सूर्य कर्क रेखा (23.5° उत्तरी अक्षांश) के ऊपर होता है जिसके चलते पृथ्वी का उत्तरी गोलार्द्ध सूर्य के करीब होता है। वहीं, दक्षिणी गोलार्द्ध (Southern hemisphere) में यह परिघटना 21-23 दिसंबर के बीच घटती है। आज के दिन से सूर्य उत्तरायण से दक्षिणायन की ओर अपनी यात्रा शुरू करेंगे
रत में इस दिन धूप करीब 13 घंटे 58 मिनट के लिए रहेगी, यानि करीब 14 घंटे तक रोशनी ही रहेगी। इस दिलचस्प घटना के पीछे दोपहर में एक वक्त ऐसा भी आता है, जब आपकी परछाई यानी जीरो शैडो (Zero Shadow) भी आपका साथ छोड़ देती है।
NASA और नेहरू तारामंडल के वैज्ञानिकों अनुसार, 21 जून के दिन पृथ्वी का उत्तरी गोलार्ध (Northern Hemisphere) सूर्य की तरफ अपने अधिकतम झुकाव पर होता है। इस दिन सूर्य की सीधी किरणें भूमध्य रेखा के उत्तर में कर्क रेखा (Tropic of Cancer) पर सीधे 90 डिग्री के एंगल से पड़ती हैं। इस कारण उत्तरी गोलार्द्ध को इस दिन सूर्य की रोशनी सबसे ज्यादा समय के लिए मिलती है।