यूपी के आजमगढ़ जिले में सोमवार को पुलिस हिरासत में एक युवक की मौत का मामला सामने आया है। घटना के बाद इलाके में तनाव की स्थिति बनी हुई है। जिला आजमगढ़ के पुलिस स्टेशन में 28 साल के सनी कुमार की लाश फांसी पर लटकी मिली। बाथरूम में 6 फीट ऊंची खिड़की से पायजामे के नाड़े के सहारे शव लटका हुआ था
लखनऊ। यूपी के आजमगढ़ जिले में सोमवार को पुलिस हिरासत में एक युवक की मौत का मामला सामने आया है। घटना के बाद इलाके में तनाव की स्थिति बनी हुई है। जिला आजमगढ़ के पुलिस स्टेशन में 28 साल के सनी कुमार की लाश फांसी पर लटकी मिली। बाथरूम में 6 फीट ऊंची खिड़की से पायजामे के नाड़े के सहारे शव लटका हुआ था। एक लड़की पर अभद्र टिप्पणी के आरोप में पुलिस ने सनी को कस्टडी में लिया था। परिजन पुलिस पर हत्या करने का आरोप लगा रहे हैं।
पुलिस हिरासत में युवक की मौत के बाद परिजनों ने थाने के बाहर चक्का जाम कर दिया है। साथ ही पुलिस के सामने ही उनकी कई गाड़ियों को तोड़ दिया। इसके बाद शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। घटना के बाद पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार थाना प्रभारी कमलेश पटेल सहित दरोगा, एक सिपाही सस्पेंड कर दिया गया है।
आजमगढ़ जिले के तरवां थाना क्षेत्र के उमरी भंवरपुर गांव में रहने वाले सनी कुमार के खिलाफ अपने साथियों के साथ मिलकर क्षेत्र की ही एक युवती पर अभद्र टिप्पणी करने का आरोप था। इस मामले में कार्रवाई करते हुए पुलिस सनी को 30 मार्च को गिरफ्तार करके थाने ले आई थी। पुलिस को दिए शिकायती पत्र में लड़की परिजनों ने आरोप लगाया कि 28 मार्च को दोपहर 12 बजे उनकी बेटी जब रास्ते से गुजर रही थी तो सनी कुमार रास्ते में खड़ा होकर अश्लील गाने तेज आवाज में मोबाइल पर बजाने लगा। साथ ही वह इस दौरान लड़की को गलत इशारे भी कर रहा था।
फंदे पर लटका मिला शव
इसके बाद लड़की ने मामले की जानकारी अपने परिवार को दी थी, जिसके बाद उन्होंने सनी के खिलाफ थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। एक दिन पहले ही पुलिस सनी को पूछताछ के लिए हिरासत में लेकर थाने आई थी। देर रात सनी कुमार का शव थाने परिसर के बाथरूम में पैजामे के नाड़े से फंदा लटका मिला है। इसके बाद पुलिस ने शव को फंदे से उतारकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
परिजनों ने पुलिस पर कार्रवाई की मांग
सुबह मामले की जानकारी होते ही सनी कुमार के गांव में हड़कंप मच गया, जहां परिजन और गांव वालों ने थाने का घेराव कर पुलिस के खिलाफ उग्र प्रदर्शन किया। परिजन ने पुलिस पर ही युवक की हत्या आरोप लगाया है। वहीं, मामले की सूचना मिलने के बाद 4 थानों की फोर्स के साथ पुलिस के आला अधिकारी मौके पर पहुंच गए और फिर वह लोगों को समझाने लगे। हालांकि, इस दौरान भीड़ काफी उग्र हो गई और फिर आक्रोशित भीड़ ने पुलिस के सामने कई गाड़ियों को तोड़ दिया।
पूर्व सांसद ने 50 लाख मुआवजे की मांग की
साथ ही परिजन और गांव वालों ने दोषी पुलिस वालों पर सख्त कार्रवाई करने की मांग की है। इस पूरे मामले पर पूर्व सांसद डॉक्टर बलराम ने भी मुआवजे की मांग की है। साथ ही दोषी पुलिसकर्मियों को बर्खास्त करने की मांग उठाई है। सांसद ने सरकार से परिवार को 50 लाख रुपए का मुआवजा, सरकारी नौकरी और सरकारी जमीन दिलाने की मांग की है।