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हवा-हवाई दावे करने वाले बताएं एक ट्रिलियन की अर्थव्यवस्था बनाने के लिए कितनी ग्रोथ रेट चाहिए? अखिलेश यादव का निशाना

अखिलेश यादव ने एक्स पर लिखा कि, उप्र के लिए हवा-हवाई दावे करनेवाले माननीय ये भी तो बताएं-एक ट्रिलियन की अर्थव्यवस्था बनाने के लिए कितनी ग्रोथ रेट होनी चाहिए और वास्तव में कितनी है? ⁠देश को प्रधानमंत्री और सबसे अधिक सांसद देनेवाले उप्र को दिल्लीवालों ने कितने एक्सप्रेस-वे दिए? ⁠इंवेस्टमेंट कितना ज़मीन पर उतरा व उससे कितना उत्पादन हुआ और उससे कितनों को रोज़गार मिला?

By शिव मौर्या 
Updated Date

लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने अर्थव्यवस्था के मामले में भाजपा सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने पूछा कि, देश को प्रधानमंत्री और सबसे अधिक सांसद देनेवाले उप्र को दिल्लीवालों ने कितने एक्सप्रेस-वे दिए? अखिलेश यादव ने एक्स पर लिखा कि, उप्र के लिए हवा-हवाई दावे करनेवाले माननीय ये भी तो बताएं-एक ट्रिलियन की अर्थव्यवस्था बनाने के लिए कितनी ग्रोथ रेट होनी चाहिए और वास्तव में कितनी है? ⁠देश को प्रधानमंत्री और सबसे अधिक सांसद देनेवाले उप्र को दिल्लीवालों ने कितने एक्सप्रेस-वे दिए? ⁠इंवेस्टमेंट कितना ज़मीन पर उतरा व उससे कितना उत्पादन हुआ और उससे कितनों को रोज़गार मिला?

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इससे पहले उन्होंने एक्स पर लिखा था कि, आजकल तथाकथित ‘डबल इंजन’ की भाजपा सरकार दरअसल ‘डबल दबाव’ में फंसी सरकार बन गई है। भाजपाई एक तरफ़ उनके दबाव में है जिनके फ़ायदे में से फ़ायदा उठाने के लिए वो जनविरोधी क़ानून लाते हैं, दूसरी तरफ़ जब जनता एकजुट हो जाती है तो भाजपाइयों को जनता के दबाव में अपने फ़ैसले आख़िरकार लौटाने ही पड़ते हैं।

साथ ही लिखा कि, सही मायनों में तो तथाकथित ‘डबल इंजन’ की भाजपा सरकार ‘ट्रिपल खोपड़ीभंजन’ की सरकार बन गयी है क्योंकि इसमें एक तीसरा पक्ष भाजपा के उन तर्कहीन-विवेकहीन समर्थकों का भी है जो भाजपाई फ़ैसलों और क़ानूनों को सही साबित करने के लिए हर तरह का कुतर्क करते हैं लेकिन जब भाजपा हार के डर से ये फ़ैसले या क़ानून वापस ले लेती है तो वो भी भाजपा को खरी-खोटी सुनाते हैं क्योंकि वो कहीं मुंह दिखाने लायक नहीं रह जाते हैं। ड्राइवरों को स्टीयरिंग मोड़ना आता है।

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