ऐश्वर्य के देवता शुक्र जीवन में सुख, समृद्धि और प्रेम के कारक देवता है। बुध और शनि इसके मित्र ग्रह हैं, जबकि सूर्य और चंद्रमा को इसका शत्रु माना जाता है।यह वृषभ और तुला राशि का स्वामी है।
Venus Transit 2026 : ऐश्वर्य के देवता शुक्र जीवन में सुख, समृद्धि और प्रेम के कारक देवता है। बुध और शनि इसके मित्र ग्रह हैं, जबकि सूर्य और चंद्रमा को इसका शत्रु माना जाता है।यह वृषभ और तुला राशि का स्वामी है। मीन राशि में यह उच्च का ( शक्तिशाली) और कन्या राशि में नीच का होता है। शुक्र देव का गोचर होने वाला है।
‘मालव्य राजयोग’
2 सितंबर 2026 को धन, ऐश्वर्य, प्रेम और सौंदर्य के दाता शुक्र ग्रह अपनी स्वराशि तुला में गोचर करने जा रहे हैं। ज्योतिषीय गणना के अनुसार, यह गोचर दोपहर 01:51 बजे होगा और शुक्र यहाँ 6 नवंबर 2026 तक रहेंगे। अपनी ही राशि में आने के कारण शुक्र यहाँ बेहद शक्तिशाली होकर ‘मालव्य राजयोग’ का निर्माण करेंगे।
26 सितंबर को इसी राशि में बुध के आने से अत्यंत शुभ ‘लक्ष्मी नारायण योग’ बनेगा, जो व्यापार में अचानक मुनाफा देगा।
इन राशियों को मिलेगा लाभ
मेष राशि: सप्तम भाव में गोचर से जीवनसाथी और बिजनेस पार्टनर से संबंध सुधरेंगे और व्यापार में बड़ा धन लाभ होगा।
तुला राशि: आपकी अपनी ही राशि के लग्न भाव में गोचर होने से आपके व्यक्तित्व में आकर्षण बढ़ेगा, मान-सम्मान और सुख-सुविधाएं मिलेंगी।
मकर राशि: कार्यक्षेत्र और करियर में तरक्की के नए रास्ते खुलेंगे, पद-प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी।