Bhadli Navami 2026 : सनातन धर्म में शुभ अशुभ का विशेष महत्व है। इसी प्रकार नक्षत्र और मृहूर्त का भी विशेष महत्व है। शादी विाह जैस शुभ कार्यों में शुभ मुहूर्तों का होना आवश्यक माना जाता है। इसके पीछे मी मान्यता है शुभ मुहूर्त में किए गए कार्यों के फल
Bhadli Navami 2026 : सनातन धर्म में शुभ अशुभ का विशेष महत्व है। इसी प्रकार नक्षत्र और मृहूर्त का भी विशेष महत्व है। शादी विाह जैस शुभ कार्यों में शुभ मुहूर्तों का होना आवश्यक माना जाता है। इसके पीछे मी मान्यता है शुभ मुहूर्त में किए गए कार्यों के फल
Angarak Yog : ज्योतिषीय घटना मानव जीवन तथा पृथ्वी को प्रभावित करते हैं। वैदिक ज्योतिष में इन घटनाओं का गहरा महत्व है। जब कोई ग्रह एक राशि से दूसरी राशि में प्रवेश करता है, तो उसे गोचर कहते हैं। जब दो या दो से अधिक ग्रह एक ही राशि में
Bhanu Saptami Upay 2026 : भगवान सूर्य नारायण जगत को प्रकाशित करते है। सूर्य देव का एक और नाम भानू सप्तमी है। पौराणिक मान्यता है कि भानू सप्तमी के दिन भगवान सूर्य की पूजा , उपासना और व्रत का पालन करने से जीवन प्रकाशित हाता है। ज्योतिष में सूर्य देव
लखनऊ के किसान पथ पर गुरुवार दोपहर एक भीषण सड़क हादसे में बाइक सवार दो साढ़ुओं की जान चली गई। हादसा कानपुर रोड पर दरोगा खेड़ा और गहरू अंडरपास के बीच हुआ, जब पीछे से तेज रफ्तार डंपर ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक टक्कर
Jupiter Transit 2026 : वैदिक ज्योतिष में देवताओं के गुरु (परामर्शदाता) और नवग्रहों में सबसे शुभ ग्रह (बृहस्पति/Jupiter) माने जाते हैं। देवगुरु बृहस्पति को भाग्य, ज्ञान, धन और संतान का कारक माना जाता है। ये ‘धनु’ और ‘मीन’ राशि के स्वामी हैं। अभी गुरु कर्क राशि में धीमी गति से
Guru Gochar 2026 : वैदिक ज्योतिष में गुरु बृहस्पति को ज्ञान, भाग्य, धन, संतान, विवाह और आस्था के कारक माने गए हैं। ज्योतिष शास्त्र के सबसे अहम राशि परिवर्तन में बृहस्पति देव का गोचर माना जाता है। जून में 12 साल के बाद गुरु का गोचर कर्क राशि में होने
Budh Gochar 2026 : ग्रह मंड़ल में बध देव को राजकुमार कहा जाता है। बुध देव बुद्धि, वाणी और व्यापार के कारक ग्रह माने जाते है। ज्योतिष में बुध ग्रह संचार, बुद्धि, तर्क, यात्रा, व्यापार और विश्लेषणात्मक सोच का प्रतिनिधित्व करता है। आज 29 मई 2026 को ग्रहों के राजकुमार
Adhik Guru Pradosh Vrat 2026 : सनातन धर्म में भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा के लिए विभिन्न प्रकार व्रत, उपवास और अनुष्ठान का पालन किया जाता है। इसी क्रम भगवान शिव की विशेष कृपा पाने के लिए प्रदोष व्रत का पालन किया जाता है। मान्यता है कि, यह
Ganga Dussehra 2026 : हिमालय से निकल कर गंगासागर में मिलने वाली मां गंगा का अवतरण दिवस ज्येष्ठ माह के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि को पर्व महोत्सव की तरह मनाया जाता है। हिन्दू पंचांग के अनुसार हर साल ज्येष्ठ महीने के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि को गंगा दशहरा
Vat Savitri 2026 : सनातन धर्म में सुहागिन महिलाओं के लिए वट सावित्री व्रत अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है, जो अपने पति की लंबी उम्र, सुख-समृद्धि और अखंड सौभाग्य की कामना के लिए इसे रखती हैं। इस व्रत के पीछे सावित्री और सत्यवान की अमर कथा है। यह व्रत ज्येष्ठ
Ketu Nakshatra Parivartan 2026 : छाया ग्रह केतु के गोचर को ज्योतिष में एक महत्वपूर्ण परिवर्तन माना जाता है। ज्योतिष मान्यता के अनुसार केतु जीवन पर गहरा प्रभाव डालता है। केतु का गोचर व्यक्ति के जीवन में वैराग्य, आत्मचिंतन और आध्यात्मिक जागृति को बढ़ाता है। जब भी केतु अपनी चाल
Jyeshtha Month 2026 : सनातन धर्म में ज्येष्ठ मास का विशेष धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व माना जाता है। यह महीना विशेष रूप से संकटमोचन हनुमान जी की उपासना के लिए श्रेष्ठ माना जाता है। वैदिक पंचांग के अनुसार , ज्येष्ठ मास की शुरुआत 2 मई 2026 से होगी और यह
Venus’s Transit in Taurus : सौंदर्य, ऐश्वर्य, विलासिता और सांसारिक सुखों का कारक शुक्र देव को बताया गया है। ज्योतिष ग्रंथों के अनुसार, इनके राशि परिवर्तन और गोचर से सभी राशियों पर गहरा असर पड़ता है। रिश्तों, विवाह और बच्चों से संबंधित मामलों में शुक्र देव की सकारात्मक कृपा आवश्यक
Vaishakh Amavasya 2026 : सनातन धर्म वैशाख माह को बहुत पुनीत माना जाता है। इस माह की अमावस्या को स्नान, दान और पितरों का स्मरण करने से विशेष पुण्य फल प्राप्त होता है। वर्ष 2026 में यह अमावस्या 17 अप्रैल, शुक्रवार को मनाई जाएगी, क्योंकि उदयातिथि उसी दिन पड़ रही है।
Somvar Shiv Puja special : सनातन धर्म में देवों के देव महादेव शिव जी को सर्वोच्च स्थान प्राप्त है। भगवान शिव को संहारक होने के साथ-साथ करुणा और कृपा का प्रतीक भी माना जाता है। भक्त उन्हें “भोलेनाथ” कहकर भी पुकारते हैं क्योंकि वे सच्चे मन से की गई भक्ति