Mangal Uday In Kumbh Rashi 2026 : ग्रहों के गोचर के क्रम में ग्रहों के सेनापति मंगल देव जल्द ही गोचर करने करने वाले है। ज्योतिष शास्त्र में मंगल को भूमि, ऊर्जा और लाल रंग, साहस, पराक्रम का कारक माना जाता है। अब ऐसे में मंगल जल्द ही कुंभ राशि
Mangal Uday In Kumbh Rashi 2026 : ग्रहों के गोचर के क्रम में ग्रहों के सेनापति मंगल देव जल्द ही गोचर करने करने वाले है। ज्योतिष शास्त्र में मंगल को भूमि, ऊर्जा और लाल रंग, साहस, पराक्रम का कारक माना जाता है। अब ऐसे में मंगल जल्द ही कुंभ राशि
Panchak 2026 : सनातन परंपराओं में शुभ और अशुभ कार्यों का विशेष महत्व है। मान्यता है कि यदि किसी काम को शुभ घड़ी या फिर कहें शुभ समय में शुरू किया जाए तो उसके सफल होने की संभावना बढ़ जाती है। शुभ कार्य को करने के लिए पंचांग के अनुसार,
Kharmas 2026 : सनातन धर्म शुभ और अशुभ मुहूर्त का विशेष महत्व है। मान्यता कि शुभ मुहूर्त में किए गए कार्य वृद्धि देने वाले होते है। खरमास में शुभ कार्य नहीं किए जाते है। ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार, इस अवधि में शुभ कार्य करना उचित नहीं माना जाता। ऐसे में
Budh Nakshtra Gochar 2026 : ग्रहों के राजकुमार और बुद्धि, वाणी और व्यापार के कारक ग्रह बुध देव का 10 मार्च 2026 को शतभिषा नक्षत्र में प्रवेश हो गया है। बुध देव अब 1 अप्रैल 2026 तक इसी नक्षत्र में रहेंगे। जानिए बुध का राहु के नक्षत्र में होना किन
Surya Gochar 2026 : ग्रह मंडल के राजा और आत्मा के कारक देवता सूर्य देव राशि परिवर्तन करने वाले है। 15 मार्च 2026 को सूर्य कुंभ से निकलकर जलतत्व की राशि मीन में प्रवेश करेंगे, जिसे मीन संक्रांति कहा जाता है। मीन राशि में सूर्य देव के अपने मित्र गुरु
Rahu-Shukra Yuti : फरवरी माह की 6 तारीख को राहु और शुक्र ग्रह युति बनाएंगे। राहु-शुक्र की युति भौतिक सुख, विलासिता, और रचनात्मकता में वृद्धि करती है, जिससे अचानक धन लाभ हो सकता है। कुंभ राशि में राहु पहले से ही विराजमान हैं और 6 फरवरी के दिन शुक्र ग्रह
Surya Gochar Kumbh Rashi 2026 : आत्मा के कारक और ग्रह मंडल के राजा सूर्य देव राशि परिवर्तन करने वाले है। ज्योतिष शास्त्र में सूर्य को आत्मबल, सम्मान और नेतृत्व ,नेतृत्व क्षमता, सेहत, पिता से रिश्ता, सरकारी क्षेत्र, ऊर्जा, उच्च पद और प्रकाश का कारक माना गया है। सूर्य देव
Budh Gochar 2026 Rashifal : ग्रहों के राजकुमार बुध देव राशि परिवर्तन करने वाले है। ज्योतिष में बुध ग्रह संचार, बुद्धि, तर्क, यात्रा, व्यापार और विश्लेषणात्मक सोच का प्रतिनिधित्व करता है। बुध देव के राशि परिवर्तन का असर सभी राशियों पर पड़ेगा। वहीं बुध का खराब होना व्यक्ति के लिए
Surya Rashi Parivartan 2025 : ग्रह मंड़ल के राजा सूर्य देव 16 दिसंबर 2025 को सूर्य देव धनु राशि में प्रवेश करने वाले हैं। यह गोचर आत्मा के कारक ग्रह सूर्य नारायण की साल का आखिरी गोचर कई राशियों के जीवन में बड़े बदलाव लेकर आएगा। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार,
Mangal Rashi Parivartan 2025 : ग्रह मंडल के सेनापति मंगल देव का गोचर होने वाला है। ज्ञान गुण सागर मंगल देव अभी तक वृश्चिक राशि में विद्यमान हैं। लेकिन 7 दिसंबर को यानी आज रात मंगल धनु राशि में गोचर कर जाएंगे। क्लेश और विकारों को हरने वाले मंगल महाराज
Rahu Shukra Yuti 2026 : विद्वान ज्योतिषियों के नजरिए से साल 2026 बहुत ही खास रहने वाला है। नए वर्ष 2026 की शुरुआत में शुक्र कुंभ राशि में विचरण करेंगे, जहां राहु भी बैठे हुए हैं। ऐसे में साल 2026 की शुरुआत में कुंभ राशि में राहु-शुक्र की युति होगी।
Guru Vakri 2025 : देवगुरु बृहस्पति कर्क राशि में वक्री हो रहे हैं। गुरु 11 नवंबर को शाम में 6 बजकर 31 मिनट पर वक्री हो जाएंगे। ज्योतिष शास्त्र में देवगुरु बृहस्पति का राशि परिवर्तन बहुत खास माना जाता है। गुरु को ज्ञान, विकास, धार्मिकता, लाभ, बड़े-कार्यों आदि का प्रतीक
Tula Sankranti 2025 : आत्मा के कारक सूर्य देव अपनी चाल चलते हुए कन्या राशि से तुला राशि में प्रवेश करेंगे। इस घटना को तुला संक्रांति कहा जाता है। इस बार तुला संक्रांति 2025 का पर्व शुक्रवार, 17 अक्टूबर को मनाया जाएगा। सूर्य देव के राशि परिवर्तन से जहां
Guru Gochar 2025 : देवताओं के गुरु बृहस्पति गोचर करने वाले है। ज्ञान और शुभता के कारक ग्रह गुरु राशि परिवर्तन करने वाले है। अब 18 अक्टूबर को गुरु ग्रह का गोचर होने वाला है। वह कर्क राशि में गोचर करने वाले हैं। वह इस राशि में 4 दिसंबर तक
Shani Nakshatra Parivartan : न्याय के देवता शनि देव की चाल बदलने वाली है। कर्मों का हिसाब किताब रखने वाले और पाप कर्मों का दण्ड देने वाले शनि देव 3 अक्टूबर को गुरु ग्रह के नक्षत्र पूर्वाभाद्रपद में गोचर कर जाएंगे। शनिदेव के नक्षत्र परिवर्तन से कुछ राशियों को चुनौतियों