बाज़ार में मिलने वाले सेब अक्सर बहुत चमकदार और आकर्षक दिखते हैं। कई लोगों के मन में सवाल आता है? क्या इन पर मोम (wax) लगाया जाता है? और अगर हाँ, तो क्या यह हमारी सेहत के लिए नुकसानदायक है? आइए इस विषय को आसान भाषा में समझते हैं। सेब पर मोम क्यों लगाया जाता है?
नई दिल्ली। बाज़ार में मिलने वाले सेब अक्सर बहुत चमकदार और आकर्षक दिखते हैं। कई लोगों के मन में सवाल आता है? क्या इन पर मोम (wax) लगाया जाता है? और अगर हाँ, तो क्या यह हमारी सेहत के लिए नुकसानदायक है? आइए इस विषय को आसान भाषा में समझते हैं।
सेब पर मोम क्यों लगाया जाता है?
सेब जब पेड़ पर उगते हैं, तो उनकी सतह पर प्राकृतिक रूप से एक पतली परत होती है जिसे natural wax कहा जाता है।
लेकिन जब सेब को धोकर, पैक करके और लंबी दूरी तक भेजा जाता है, तो यह परत हट जाती है।
इसलिए कंपनियां सेब पर food-grade wax की एक नई परत लगा देती हैं, ताकि:
• सेब लंबे समय तक ताज़ा रहे
• नमी (Moisture) बरकरार रहे
• सेब ज्यादा चमकदार और आकर्षक दिखे
• जल्दी खराब न हो
क्या ये मोम खतरनाक होता है?
• सेब पर लगाया जाने वाला मोम आमतौर पर Food-Grade और सुरक्षित होता है।
• यह हमारे शरीर के लिए सीधे तौर पर नुकसानदायक नहीं माना जाता।
सावधानी जरूरी
• मोम की परत पर गंदगी, बैक्टीरिया या केमिकल चिपक सकते हैं
• अगर सेब को बिना धोए खाया जाए, तो यह हानिकारक हो सकता है
कैसे पहचानें कि सेब पर वैक्स है?
• सेब बहुत ज्यादा चमकदार और चिकना लगे
• नाखून से रगड़ने पर हल्की सफेद परत निकले
• गरम पानी में डालने पर ऊपर मोम जैसा तैरता दिखे
सेब खाने से पहले क्या करें?
हमेशा सेब को अच्छे से धोए
10–15 सेकंड तक बहते पानी में रगड़ें
चाहें तो हल्के गरम पानी में धो सकते हैं
ब्रश से हल्का साफ करना भी मददगार है
कुछ लोग छिलका उतारकर खाते हैं, लेकिन ध्यान रखें कि छिलके में ही कई जरूरी पोषक तत्व होते हैं। सेब पर लगाया जाने वाला मोम आमतौर पर खतरनाक नहीं होता, लेकिन साफ-सफाई का ध्यान रखना बेहद जरूरी है। इसलिए अगली बार जब आप चमकदार सेब देखें, तो डरें नहीं, बस उसे अच्छी तरह धोकर खाएं और स्वस्थ रहें।
रिपोर्ट: कौशिकी गुप्ता