आचार्य संजय तिवारी भारतीय सनातन अध्यात्म की शास्त्रीय रंग परंपरा भी है। कथा से उपजी भक्ति को इसी परंपरा ने मंदिरों के माध्यम से स्थापित कर मानवीय संवेदना में पिरो कर इसे जनस्वीकृति दी थी। कालांतर में आक्रमणों और बाह्य प्रभावों ने इस श्रृंखला को तोड़ा या विराम दिया। कुछ
