कुशीनगर जिले के कसया थाना क्षेत्र में शनिवार सुबह एक दर्दनाक हादसे ने कई परिवारों की खुशियां छीन लीं। ग्रामसभा मैनपुर के दीनापट्टी टोला स्थित एक ईंट भट्ठे पर खेल रहे चार बच्चे बरसात के पानी से भरे गहरे गड्ढे में गिर गए। हादसे में तीन मासूम बच्चों की मौत हो गई, जबकि एक बच्ची किसी तरह अपनी जान बचाकर बाहर निकल आई...
कुशीनगर: कुशीनगर जिले के कसया थाना क्षेत्र में शनिवार सुबह एक दर्दनाक हादसे ने कई परिवारों की खुशियां छीन लीं। ग्रामसभा मैनपुर के दीनापट्टी टोला स्थित एक ईंट भट्ठे पर खेल रहे चार बच्चे बरसात के पानी से भरे गहरे गड्ढे में गिर गए। हादसे में तीन मासूम बच्चों की मौत हो गई, जबकि एक बच्ची किसी तरह अपनी जान बचाकर बाहर निकल आई। घटना के बाद पूरे इलाके में चीख-पुकार मच गई। मजदूरी कर रहे परिजन काम छोड़कर मौके की ओर दौड़े, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी।
खेलते-खेलते पहुंचे पानी भरे गड्ढे तक
जानकारी के मुताबिक दीनापट्टी स्थित पंकज ईंट उद्योग भट्ठे पर छत्तीसगढ़ से आए कई मजदूर परिवार काम करते हैं। शनिवार सुबह भी सभी बड़े लोग भट्ठे पर काम में लगे हुए थे, जबकि बच्चे पास में खेल रहे थे। बताया जा रहा है कि खेलते-खेलते बच्चे उस गड्ढे के पास पहुंच गए, जहां ईंट बनाने के लिए मिट्टी निकाली गई थी। हाल की बारिश के कारण गड्ढे में काफी पानी भर गया था। इसी दौरान चारों बच्चे अचानक पानी में गिर गए। आसपास कोई मौजूद नहीं होने के कारण किसी को तुरंत इसकी जानकारी नहीं हो सकी।
हादसे के बीच एक बच्ची किसी तरह पानी से बाहर निकलने में सफल रही। वह रोते-बिलखते अपने परिजनों के पास पहुंची और घटना की जानकारी दी। बच्ची की बात सुनते ही परिवार के लोग घबराकर मौके पर पहुंचे। आनन-फानन में बच्चों को गड्ढे से बाहर निकाला गया और तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कसया ले जाया गया। लेकिन अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने तीन बच्चों को मृत घोषित कर दिया।
मृत बच्चों की पहचान
हादसे में जान गंवाने वाले बच्चों में अभय (3 वर्ष), अनाया (7 वर्ष) और अनुष्का (ढाई वर्ष) शामिल हैं। तीनों बच्चे छत्तीसगढ़ के अलग-अलग जिलों से आए मजदूर परिवारों के थे, जो रोजी-रोटी के लिए कुशीनगर के ईंट भट्ठे पर काम कर रहे थे।
जैसे ही बच्चों की मौत की खबर परिवार तक पहुंची, अस्पताल में मातम छा गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। वहां मौजूद लोगों की आंखें भी नम हो गईं। स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश के बाद पानी से भरे ऐसे गहरे गड्ढे बच्चों के लिए हमेशा खतरा बने रहते हैं, लेकिन सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं किए जाते।
घटना की सूचना मिलते ही कसया थाना पुलिस अस्पताल पहुंची और शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मामले में पुलिस ने बताया कि शुरुआती जांच में बच्चों के पानी भरे गड्ढे में गिरने से मौत की बात सामने आई है। फिलहाल पूरे मामले की जांच की जा रही है और आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है। इस हादसे के बाद दीनापट्टी गांव और ईंट भट्ठे पर काम करने वाले मजदूर परिवारों में गहरा शोक पसरा हुआ है।