यूपी के लखीमपुर खीरी जिले में पुलिस हिरासत में हुई रामचंद्र मौर्य की मौत के बाद मामले ने तूल पकड़ लिया है। परिजनों का आरोप है कि, पुलिस पिटाई से युवक की जान गई है। परिजनों ने जब शव का अंतिम संस्कार करने से इनकार किया। तब पुलिस अधिकारी दल बल के साथ मृतक का अंतिम संस्कार कराने पहुंचे तो उनकी परिजनों से तीखी बहस हो गई।
लखीमपुर खीरी। यूपी के लखीमपुर खीरी जिले में पुलिस हिरासत में हुई रामचंद्र मौर्य की मौत के बाद मामले ने तूल पकड़ लिया है। परिजनों का आरोप है कि, पुलिस पिटाई से युवक की जान गई है। परिजनों ने जब शव का अंतिम संस्कार करने से इनकार किया। तब पुलिस अधिकारी दल बल के साथ मृतक का अंतिम संस्कार कराने पहुंचे तो उनकी परिजनों से तीखी बहस हो गई। इस दौरान सीओ पीड़ित परिवार को धमकाने लगे। इस घटना की वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है।
इस घटना का एक्स पोस्ट पर बुधवार को वीडियो शेयर कर कांग्रेस महासचिव व वायनाड लोकसभा सीट से सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा ने लिखा कि भारत के संविधान ने दलितों-वंचितों को अधिकार देकर अन्याय-अत्याचार के खिलाफ ताकत दी। उन्होंने कहा कि भाजपा राज में न तो संविधान का सम्मान है, न ही वंचित वर्गों के अधिकारों का। सांसद प्रियंका गांधी ने लिखा कि वंचित समाज से आने वाले एक परिवार ने अत्याचार के खिलाफ सवाल उठाया तो भाजपा सरकार की पुलिस का व्यवहार देखिए।
भारत के संविधान ने दलितों-वंचितों को अधिकार देकर अन्याय-अत्याचार के खिलाफ ताकत दी।
भाजपा राज में न तो संविधान का सम्मान है, न ही वंचित वर्गों के अधिकारों का।
वंचित समाज से आने वाले एक परिवार ने अत्याचार के खिलाफ सवाल उठाया तो भाजपा सरकार की पुलिस का व्यवहार देखिए… pic.twitter.com/eFA1ibHSLz
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— Priyanka Gandhi Vadra (@priyankagandhi) January 8, 2025
बताया जा रहा है, कोतवाली मझगईं निवासी रामचंद (36) घर से जलौनी लकड़ी लेने के लिए सुबह निकला था। वह शाम तक नहीं आया तो परिजनों ने उसकी तलाश कराई। तलाश में जानकारी मिली कि उसे मझगईं पुलिस पकड़ कर ले गई है। मझगईं जाकर परिजन ने उससे मुलाकात का प्रयास किया तो पुलिस ने मिलने नहीं दिया। काफी समय बाद सूचना मिली की उसका शव सरकारी अस्पताल में पड़ा है।
जैसे ही इसकी खबर परिजनों को लगी उन्होंने बवाल काट दिया। परिजनों ने शव रखकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। उन्होंने कहा कि आरोपी पुलिसकर्मियों पर एक्शन के बाद ही अंतिम संस्कार किया जाएगा। ऐसे में पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया। सीओ समेत कई अधिकारी मौके पर पहुंचे और परिजनों को समझाने का प्रयास किया, मगर परिजन अपनी मांग पर अड़े रहे।
बीती रात धौरहरा क्षेत्र के सीओ पीपी सिंह ने परिजनों से मुलाकात की और शव के अंतिम संस्कार की अपील की लेकिन परिजन अपनी मांग पर अड़े रहे। इस पर सीओ परिजनों पर उखड़ गए और उन्हें धमकाना शुरू कर दिया। सीओ ने धमकी भरे लहजे में कहा कि ‘ना मझगई थाना सस्पेंड होगा, ना निघासन थाना सस्पेंड होगा, ना कोई मुआवजा देंगे, जितने दिन रखना है रख लो डेड बॉडी को घर पर, चार दिन-पांच दिन.. जीतने दिन मन हो…’ यह कहते हुए सीओ दल बल के साथ मौके से चले गए। किसी ने इसका वीडियो बना लिया जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।