Pahalgam Terror Attack : राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने पहलगाम आतंकी हमले की पूरक चार्जशीट में लश्कर-ए-तैयबा (LET) सरगना हाफिज सईद (Hafiz Saeed) को आरोपी बनाया है। जांच एजेंसी ने हमले की साजिश और आतंकी नेटवर्क से जुड़े अन्य आरोपियों के खिलाफ भी अतिरिक्त साक्ष्य अदालत में पेश किए हैं।
Pahalgam Terror Attack : राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने सोमवार को पहलगाम आतंकी हमले के मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा (LET) के सरगना हाफिज सईद (Hafiz Saeed) को अपनी पूरक (सप्लीमेंट्री) चार्जशीट में आरोपी बनाया है। एनआईए (NIA) ने उस पर भारत के खिलाफ युद्ध छेड़ने और सीमा पार से आतंकी साजिश रचने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। जांच एजेंसी ने हमले की साजिश और आतंकी नेटवर्क से जुड़े अन्य आरोपियों के खिलाफ भी अतिरिक्त साक्ष्य अदालत में पेश किए हैं। जम्मू की एनआईए स्पेशल कोर्ट (NIA Special Court) में दायर अपनी सप्लीमेंट्री चार्जशीट में, आतंकवाद-रोधी एजेंसी ने हाफिज सईद (Hafiz Saeed) पर व्यक्तिगत तौर पर और प्रतिबंधित आतंकवादी संगठन लश्कर-ए-तैयबा (LET) व उसके सक्रिय प्रॉक्सी संगठन ‘द रेजिस्टेंस फ्रंट’ (TRF) के चीफ के तौर पर आरोप लगाए हैं।
हाफिज सईद के खिलाफ क्या-क्या आरोप?
जम्मू की एनआईए स्पेशल कोर्ट (NIA Special Court) में दायर अपनी सप्लीमेंट्री चार्जशीट में, आतंकवाद-रोधी एजेंसी ने हाफिज सईद पर व्यक्तिगत तौर पर और प्रतिबंधित आतंकवादी संगठन लश्कर-ए-तैयबा (LET) व उसके सक्रिय प्रॉक्सी संगठन ‘द रेजिस्टेंस फ्रंट’ (TRF) के चीफ के तौर पर आरोप लगाए हैं। जांच एजेंसी के अनुसार, हाफिज सईद के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), 2023 और गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (UAPA), 1967 की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। चार्जशीट में उस पर भारत के खिलाफ युद्ध छेड़ने और पाकिस्तान से आतंकी साजिश चलाने का आरोप लगाया गया है।
पहलगाम आतंकी हमला और ऑपरेशन सिंदूर
22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम आतंकी हमले (Pahalgam Terror Attack) के 15 दिन बाद भारतीय सेना ने सात मई को ‘ऑपरेशन सिंदूर’ (Operation Sindoor) के तहत पाकिस्तान और पीओके में नौ आतंकी ठिकानों को तबाह किया था। जिसमें कई कुख्यात आतंकी भी मारे गए थे। इसके बाद दोनों देशों के बीच हालात बिगड़े और दो दशक बाद हालात चरम पर पहुंच गए। वहीं पाकिस्तान की तरफ से भारत के शहरों को निशाना बनाए जाने के बाद, भारत की वायु रक्षा प्रणाली ने सभी को नाकाम करते हुए उसका माकूल जवाब दिया। भारत ने जवाबी कार्रवाई करते हुए पाकिस्तान के 14 सैन्य ठिकानों को ध्वस्त कर दिए। इससे घबराए पाकिस्तान ने भारत के सामने सीजफायर का प्रस्ताव रखा, जिसे दोनों देशों ने आपसी चर्चा के बाद लागू किया गया।
पाकिस्तान की साजिश के सबूत होने का दावा
एनआईए ने कहा कि यह पूरक चार्जशीट पहले दाखिल की गई 1,597 पन्नों की मूल चार्जशीट का विस्तार है। इसमें पाकिस्तान की साजिश, हाफिज सईद की भूमिका और जांच के दौरान जुटाए गए वैज्ञानिक एवं अन्य सबूतों का विस्तृत विवरण शामिल किया गया है।
पहले किन लोगों को बनाया गया था आरोपी
एनआईए (NIA) ने 15 दिसंबर 2025 को दाखिल अपनी पहली चार्जशीट में पाकिस्तान के आतंकी हैंडलर साजिद जट्ट, जुलाई 2025 में ऑपरेशन महादेव के दौरान मारे गए तीन आतंकियों और गिरफ्तार किए गए दो आरोपियों को नामजद किया था। इसके अलावा, जांच एजेंसी ने प्रतिबंधित संगठन लश्कर-ए-तैयबा/टीआरएफ को भी एक कानूनी इकाई के रूप में आरोपी बनाया था। एनआईए का आरोप है कि इन संगठनों ने पहलगाम हमले की योजना बनाई, उसे अंजाम देने में मदद की और पूरी साजिश को संचालित किया।
पहले स्थानीय पुलिस ने दर्ज की थी एफआईआर
हमले के बाद सबसे पहले पहलगाम थाने में एफआईआर दर्ज की गई थी। शुरुआती जांच के बाद केंद्रीय गृह मंत्रालय ने यह मामला एनआईए (NIA) को सौंप दिया था। एनआईए (NIA) ने कहा है कि मामले की जांच अभी जारी है और एजेंसी पाकिस्तान की उस पूरी साजिश का पर्दाफाश करने में जुटी है, जिसके तहत सीमा पार से भारत में आतंकवाद को लगातार बढ़ावा दिया जा रहा है।