Dhirendra Shastri's Controversial Remark : बागेश्वर धाम के महंत पंडित धीरेंद्र शास्त्री इन दिनों शिवाजी महाराज पर एक टिप्पणी को लेकर विवादों में घिर गए हैं। जिसको लेकर कांग्रेस और शिवसेना यूबीटी समेत विपक्षी पार्टियां भाजपा पर हमलावर हैं, क्योंकि धीरेंद्र शास्त्री ने जब विवादित टिप्पणी की तो कार्यक्रम में सीएम देवेंद्र फडणवीस, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत भी मौजूद थे। इस बीच, अभिनेता रितेश देशमुख ने बागेश्वर धाम के महंत की टिप्पणी पर तीखी प्रतिक्रिया दी है।
Dhirendra Shastri’s Controversial Remark : बागेश्वर धाम के महंत पंडित धीरेंद्र शास्त्री इन दिनों शिवाजी महाराज पर एक टिप्पणी को लेकर विवादों में घिर गए हैं। जिसको लेकर कांग्रेस और शिवसेना यूबीटी समेत विपक्षी पार्टियां भाजपा पर हमलावर हैं, क्योंकि धीरेंद्र शास्त्री ने जब विवादित टिप्पणी की तो कार्यक्रम में सीएम देवेंद्र फडणवीस, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत भी मौजूद थे। इस बीच, अभिनेता रितेश देशमुख ने बागेश्वर धाम के महंत की टिप्पणी पर तीखी प्रतिक्रिया दी है।
किसी का नाम लिए बिना अभिनेता रितेश देशमुख ने रविवार को एक्स में लिखा, “कोई आता है और हमारे पूजनीय देवता के बारे में मनगढ़ंत और बेतुकी बातें बक जाता है; शिवाजी के एक भक्त और प्रशंसक के तौर पर, यह बात मेरे लिए पूरी तरह से अस्वीकार्य और घोर अपमानजनक है। उन्हें किसी संकीर्ण दायरे में बांधने की ऐसी व्यर्थ कोशिशें, आखिरकार समय की धुंध में कहीं खो जाएंगी। फिर भी, जिस तरह सह्याद्री पर्वतमाला लाखों वर्षों से अडिग खड़ी है, ठीक उसी तरह वह एक नाम भी आने वाले लाखों वर्षों तक अमर रहेगा। और वह नाम है… शक्तिशाली और दुर्जेय… क्षत्रिय कुल का गौरव… सिंहासन के अधिपति… सम्राटों के सम्राट… श्रीमंत राजा शिवछत्रपति महाराज। (मराठी से हिन्दी में अनुवाद)”
कोणीतरी येतो आणि आपल्या आराध्य दैवताबद्दल काहीतरी विकृत बरळतो, एक शिवप्रेमी-शिवभक्त म्हणून हे अमान्य आणि संतापजनक आहे.
असले चौकटीत अडकवण्याचे फोल प्रयत्न काळाच्या उदरात गडप होतील. पण सह्याद्रीच्या पर्वतरांगा जशा लाखो वर्ष आधी होत्या तसंच ‘ते’ एकच नाव करोडो वर्ष भविष्यातही राहील.…— Riteish Deshmukh (@Riteishd) April 26, 2026
धीरेंद्र शास्त्री ने क्या कहा?
नागपुर में आयोजित एक कार्यक्रम में धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने दावा किया था कि छत्रपति शिवाजी महाराज रामदास स्वामी को अपना गुरु मानते थे। अपने प्रवचन के दौरान महंत ने कहा कि छत्रपति शिवाजी महाराज ने अपनी सत्ता त्यागने का फ़ैसला कर लिया था। “छत्रपति शिवाजी महाराज युद्ध से थक चुके थे और रामदास स्वामी के पास गए। उन्होंने उनसे कहा, ‘मैं अब और लड़ना नहीं चाहता; कृपया इस मुकुट और इस राज्य की बागडोर संभाल लें।’ रामदास स्वामी ने जवाब दिया, ‘बहुत अच्छा।’ हालांकि, फिर उन्होंने छत्रपति शिवाजी महाराज से कहा, ‘एक शिष्य का कर्तव्य है कि वह अपने गुरु के आदेशों का पालन करे; इसलिए, अब आपको मेरी ओर से इस राज्य का शासन चलाना होगा।”
रितेश की अपकमिंग फिल्म ‘राजा शिवाजी’ को लेकर चर्चा
रितेश देशमुख द्वारा निर्देशित फ़िल्म ‘राजा शिवाजी’ 1 मई को दुनिया भर में रिलीज़ होने वाली है। इस फ़िल्म में रितेश छत्रपति शिवाजी महाराज की भूमिका में नज़र आएंगे। यह मराठी भाषा की पहली बड़े पैमाने पर बनी ऐतिहासिक फ़िल्म है। इस फ़िल्म में विद्या बालन, जेनेलिया, अभिषेक बच्चन, फरदीन खान और संजय दत्त जैसे बॉलीवुड कलाकारों ने मुख्य भूमिकाएं निभाई हैं।