Pitrupaksha 2026 : सनातन धर्म में दिवंगत हो चुके पितृगणों की आत्मा के शांति के लिए श्राद्ध, तर्पण, और पिंडदान के साथ दान करने युगों पुरानी परंपरा है। इसके लिए खास समय निर्धारित है। जिसे पितृपक्ष कहा जाता है। वर्ष 2026 में पितृ पक्ष (श्राद्ध पक्ष) 26 सितंबर, शनिवार को
