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बीएसपी विधायक के घर इनकम टैक्स छापे पर भड़के योगी के मंत्री दिनेश प्रताप, बोले-यदि उनके जीवन को कोई हानि हुई तो ये संवेदनहीन संस्थाये होंगी जिम्मेदार

यूपी की राजधानी लखनऊ में बुधवार को बीएसपी के इकलौते विधायक उमाशंकर सिंह (BSP MLA Umashankar Singh) के घर इनकम टैक्स (Income Tax Department) की टीम ने छापा मारा है। बता दें कि वह कैंसर बीमारी से पीड़ित हैं। दो बार उनका ऑपरेशन हो चुका है। लखनऊ स्थित आवास में वह आइसोलेशन में रहते हैं।

By santosh singh 
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लखनऊ। यूपी की राजधानी लखनऊ में बुधवार को बीएसपी के इकलौते विधायक उमाशंकर सिंह (BSP MLA Umashankar Singh) के घर इनकम टैक्स (Income Tax Department) की टीम ने छापा मारा है। बता दें कि वह कैंसर बीमारी से पीड़ित हैं। दो बार उनका ऑपरेशन हो चुका है। लखनऊ स्थित आवास में वह आइसोलेशन में रहते हैं। 50 से ज्यादा अफसर पुलिस टीम के साथ उनके घर पर कार्रवाई कर रहे हैं। डॉक्टर और नर्स के भी आने-जाने पर रोक लगा दी गई है। गोमतीनगर में उनका आवास और दफ्तर है।

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आयकर विभाग की इस कार्रवाई पर योगी सरकार में मंत्री दिनेश प्रताप सिंह ने कड़ी नाराजगी जताई

आयकर विभाग (Income Tax Department) की इस कार्रवाई पर योगी सरकार (Yogi Government) में मंत्री दिनेश प्रताप सिंह (Minister Dinesh Pratap Singh) ने कड़ी नाराजगी जताई है। उन्होंने एक्स पर कहा कि उमाशंकर सिंह विधायक रसड़ा जनपद बलिया जिनके घर में मेरी बेटी व्याही है के घर में आज आयकर विभाग (Income Tax Department) के द्वारा रेड की जा रही है। देश प्रदेश के राजनेता आयकर सहित सभी संस्थाओं को पता है कि उमाशंकर सिंह (Umashankar Singh) दो वर्ष से अधिक से जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहे हैं, वर्तमान परिस्थितियों में उमाशंकर सिंह जी के लिए धनार्जन नहीं सांसे बचाने में ही सारा समय और धन व्यय हो रहा हैं सभी व्यवसाय लगभग बंद हो गए हैं।

 प्रभु ऐसे लोगों को और संस्थाओं को सदबुद्धि दे

आज अपने आवास में आइसोलेशन में रह रहे हैं। विधानसभा का सत्र एक विधायक के लिए महत्वपूर्ण होता है, लेकिन एक घंटे के लिए भी नहीं जा सके। इस समय उनके घर पर नर्स या डॉक्टर को भी जाने की अनुमति नहीं है यदि उनके जीवन को कोई हानि होती हैं तो ये संवेदनहीन संस्थाये जिम्मेदार होंगी। इस प्रकार की परिस्थितियों में दुर्लभतम अपराधों में भी माननीय न्यायालय दया के आधार पर याचिका स्वीकार कर दोष मुक्त कर देते है। किंतु इस कठिन दौर में भी कौन संवेदनहीन राजनेता या संस्था हो सकती हैं जो ऐसी परिस्थितियों में भी पीड़ा देने की सोच सकता है? प्रभु ऐसे लोगों को और संस्थाओं को सदबुद्धि दे।

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