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Budget 2025 : बजट में मोदी सरकार मिडिल क्लास को देगी राहत, पेट्रोल-डीजल, दवाएं, मोबाइल और चार्जर होगा सस्ता!

Budget 2025: केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण (Union Finance Minister Nirmala Sitharaman) आगामी शनिवार 1 फरवरी को आठवां बजट पेश करने जा रही हैं। बजट में सभी को इस बात का इंतजार रहता है कि क्या महंगा होगा और क्या सस्ता होगा? सरकार बजट में प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष कर का ऐलान करती है।

By संतोष सिंह 
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Budget 2025: केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण (Union Finance Minister Nirmala Sitharaman) आगामी शनिवार 1 फरवरी को आठवां बजट पेश करने जा रही हैं। बजट में सभी को इस बात का इंतजार रहता है कि क्या महंगा होगा और क्या सस्ता होगा? सरकार बजट में प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष कर का ऐलान करती है। अप्रत्यक्ष कर में सरकार कई प्रोडक्ट पर इंपोर्ट ड्यूटी घटाती या बढ़ा देती है। इसका सीधा असर आम आदमी पर होता है। यहां आपको उन प्रोडक्ट की लिस्ट बता रहे हैं जो इस साल बजट 2025 में सस्ते या महंगे हो सकते हैं।

पेट्रोल और डीजल होगा सस्ता?

सरकार ने बीते साल एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर को बेहतर करने के लिए पेट्रोलियम और नेचुरल गैस मंत्रालय को 1.19 ट्रिलियन रुपए का बजट दिया था। हालांकि, पेट्रोलियम सब्सिडी में कमी की गई थी। इस बार कॉन्फेडरेशन ऑफ इंडियन इंडस्ट्री (CII) ने सरकार से फ्यूल पर एक्साइज ड्यूटी कम करने की मांग की है। अगर इसे माना जाता है, तो पेट्रोल-डीजल की कीमत कम हो सकती है। इसके अलावा अगर सरकार बजट में पेट्रोल-डीजल को जीएसटी के तहत लाने का ऐलान करती है, तो पेट्रोल-डीजल सस्ता हो सकता है। साथ ही सभी राज्यों में पेट्रोल-डीजल का दाम एक जैसा हो सकता है। जीएसटी को लेकर सरकार बजट में ऐलान नहीं करती है। उसके लिए वित्तमंत्री अलग बैठक करती है। लेकिन सरकार इसे लेकर हिंट बजट में दे सकती है, ऐसी इंडस्ट्री की उम्मीद है।

दवाईंयों की कीमत होगी कम?

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सरकार ने पिछले बजट में कैंसर के इलाज में इस्तेमाल होने वाली तीन दवाओं पर सीमा शुल्क में छूट दी थी। हालांकि, इस बार उम्मीद है कि सरकार बजट में बड़ी बीमारियों की दवाओं पर टैक्स छुट या टैक्स माफ करेगी। ताकि, आम लोगों को आसानी से और सस्ती दवाएं मिल सके।

क्या मोबाइल और चार्जर होंगे सस्ते?

सरकार ने पिछले बजट में मोबाइल और चार्जर पर कस्टम ड्यूटी घटाकर 15 फीसदी कर दी थी। इससे दोनों प्रोडकक्ट पर असर दिखा। सरकार ने पिछले बजट में इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग के लिए 15,500 करोड़ रुपए का बजट दिया था। सरकार का फोकस सेमीकंडक्टर्स और मोबाइल मैन्युफैक्चरिंग पर था। सरकार अगर इस पर कोई टैक्स या ड्यूटी कम करती है तो इनकी कीमतें कम होंगी।

इन सेक्टर्स पर होगा फोकस?

बजट में फोकस महंगाई, रोजगार और आर्थिक विकास जैसे अहम मुद्दों पर सरकार का होगा। पिछले साल के बजट में पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर और सस्टेनेबिलिटी पर ज्यादा फोकस था, इस बार सरकार का फोकस रेलवे, एविएशन, हेल्थकेयर, हॉस्पिटैलिटी, डेटा सेंटर आदि पर होगा।

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