लखनऊ में पुलिस ने ऐसे बांग्लादेशी नागरिक को गिरफ्तार किया है, जो टूरिस्ट वीजा पर भारत आने के बाद कथित तौर पर फर्जी दस्तावेजों के सहारे यहां रह रहा था। बाजारखाला क्षेत्र से पकड़े गए 28 वर्षीय मोहम्मद सज्जाद हुसैन के पास बांग्लादेश के दो पासपोर्ट मिले हैं...
लखनऊ : पुलिस ने ऐसे बांग्लादेशी नागरिक को गिरफ्तार किया है, जो टूरिस्ट वीजा पर भारत आने के बाद कथित तौर पर फर्जी दस्तावेजों के सहारे यहां रह रहा था। बाजारखाला क्षेत्र से पकड़े गए 28 वर्षीय मोहम्मद सज्जाद हुसैन के पास बांग्लादेश के दो पासपोर्ट मिले हैं। जांच में उसके पास भारतीय आधार, पैन कार्ड और वोटर आईडी भी मिलने की बात सामने आई है।
पुलिस के मुताबिक सज्जाद मूल रूप से बांग्लादेश के चटग्राम का रहने वाला है। उसकी लखनऊ की एक महिला से पहचान 2018 में ऑनलाइन गेम PUBG खेलने के दौरान हुई थी। बातचीत बढ़ने के बाद दोनों के बीच संबंध बने। इसके बाद सज्जाद 18 अगस्त 2023 को टूरिस्ट वीजा पर लखनऊ आया और 28 अगस्त को दोनों ने फैजाबाद में कोर्ट मैरिज कर ली।
भारतीय पहचान बनाने के लिए जनसेवा केंद्र संचालक से संपर्क
शादी के बाद भारत में रहने और बैंक खाता खुलवाने के लिए सज्जाद को भारतीय पहचान संबंधी दस्तावेजों की जरूरत थी। पुलिस के अनुसार इसी सिलसिले में उसने भदेवा में जनसेवा केंद्र चलाने वाले मोहम्मद तलहा से संपर्क किया।
आरोप है कि तलहा ने उसके लिए फर्जी निवास और जन्म प्रमाण पत्र तैयार किए। इनमें निवास प्रमाण पत्र पर 10 अगस्त 2023 की तारीख दर्ज थी, जबकि सज्जाद पहली बार 18 अगस्त को भारत आया था। इन्हीं दस्तावेजों के आधार पर उसका आधार कार्ड बनवाया गया और फिर आधार के जरिए पैन कार्ड व वोटर आईडी तैयार कराई गई।
पुलिस के मुताबिक, इस काम के लिए सज्जाद ने 900 रुपये क्यूआर कोड के जरिए तलहा की मां के खाते में भेजे और 2 हजार रुपये नकद दिए। बाद में इन्हीं दस्तावेजों के आधार पर नाका स्थित कोटक महिंद्रा बैंक में खाता भी खुलवाया गया।
मुखबिर की सूचना पर पकड़ा गया, तलहा भी गिरफ्तार
पुलिस को सूचना मिली थी कि बाजारखाला के भदेवा स्थित नसीरुल्ला अपार्टमेंट में एक बांग्लादेशी नागरिक भारतीय पहचान पत्रों के साथ रह रहा है। इसके बाद पुलिस ने गुलजारनगर चौकी क्षेत्र में कार्रवाई कर सज्जाद को हिरासत में लिया। पूछताछ के बाद उसकी निशानदेही पर जनसेवा केंद्र संचालक तलहा को भी गिरफ्तार कर लिया गया। दोनों से खुफिया एजेंसी ने भी पूछताछ की।
पुलिस ने दोनों के कब्जे से दो बांग्लादेशी पासपोर्ट, फर्जी आधार, पैन और वोटर आईडी, दो मोबाइल फोन, कंप्यूटर तथा फर्जी निवास और जन्म प्रमाण पत्रों की प्रतियां बरामद करने का दावा किया है। पुलिस के अनुसार सज्जाद का टूरिस्ट वीजा 23 सितंबर 2026 को समाप्त हो गया था और इसके बाद भी वह लखनऊ में रह रहा था। दोनों आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता, विदेशी अधिनियम और लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम की संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर जेल भेज दिया गया है।