1. हिन्दी समाचार
  2. एस्ट्रोलोजी
  3. Sawan Shivratri 2025 :  सावन शिवरात्रि कल , शिवलिंग की इन इन जगहों पर चंदन लगाने से चमकेगा भाग्य

Sawan Shivratri 2025 :  सावन शिवरात्रि कल , शिवलिंग की इन इन जगहों पर चंदन लगाने से चमकेगा भाग्य

सावन शिवरात्रि का पावन पर्व कल 23 जुलाई, बुधवार को मनाया जाएगा। पौराणिक ग्रंथों के अनुसार, इस दिन शिवलिंग पर जल चढ़ाने का विशेष महत्व माना गया है।

By अनूप कुमार 
Updated Date

Sawan Shivratri 2025 : सावन शिवरात्रि का पावन पर्व कल 23 जुलाई, बुधवार को मनाया जाएगा। पौराणिक ग्रंथों के अनुसार, इस दिन शिवलिंग पर जल चढ़ाने का विशेष महत्व माना गया है।  इसके साथ ही कांवड़ जल चढ़ाने के लिए भी शिवरात्रि का दिन सबसे शुभ माना गया है। ऐसी मान्यता है कि जो कोई श्रावण शिवरात्रि पर व्रत रख भगवान शिव की विधि विधान पूजा करता है और शिवलिंग का जलाभिषेक करता है उसके जीवन के सारे कष्ट दूर हो जाते हैं। शिवरात्रि के दिन शिवलिंग पर जल के अलावा दूध, दही, गंगाजल, गन्ने का रस आदि चीजें से भी महादेव को अभिषेक कर सकते हैं। इस दिन भोलेनाथ को बिल्व पत्र, धतूरा, आक के फूल, भांग, भस्म इत्यादि चीजें भी जरूर अर्पित करनी चाहिए।

पढ़ें :- Adhik Mass Masik Durga Ashtami 2026 : अधिकमास की दुर्गा अष्टमी मां जगदंबा की कृपा प्राप्ति का विशेष अवसर , जानें महाउपाय

सावन शिवरात्रि पर जल चढ़ाने का समय

ज्योतिष विद्वानों अनुसार सावन शिवरात्रि के दिन शिवलिंग पर जल किसी भी समय चढ़ाया जा सकता है क्योंकि ये पूरा दिन ही शिव की अराधना के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है। लेकिन अगर शिवरात्रि के सबसे शुभ मुहूर्तों की बात करें तो वो इस प्रकार रहेंगे…

निशिता काल पूजा समय – 23 जुलाई 2025 को रात 12:23 से देर रात 01:07 तक
रात्रि प्रथम प्रहर पूजा समय – 07:18 PM से 10:01 PM
रात्रि द्वितीय प्रहर पूजा समय – 10:01 PM से 12:45 AM, जुलाई 24
रात्रि तृतीय प्रहर पूजा समय – 12:45 AM से 03:29 AM, जुलाई 24
रात्रि चतुर्थ प्रहर पूजा समय – 03:29 AM से 06:13 AM, जुलाई 24
चतुर्दशी तिथि प्रारम्भ – जुलाई 23, 2025 को 04:39 AM बजे
चतुर्दशी तिथि समाप्त – जुलाई 24, 2025 को 02:28 AM बजे

यहां चंदन अर्पित करने से भूमि, भवन और वाहन संबंधी भौतिक सुख की प्राप्ति होती है। संपत्ति विवादों में भी यह उपाय लाभकारी माना गया है। ज्योतिष शास्त्र और पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, शिवलिंग पर कुछ विशेष स्थानों पर चंदन का लेप करने से अलग-अलग मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं।

पढ़ें :- 22 मई 2026 का राशिफल : इन राशियों को मिल सकता है धन लाभ, जानें आपका दिन कैसा रहेगा?

शिवलिंग के सबसे ऊपरी भाग पर चंदन लगाने से मानसिक शांति और स्थिरता प्राप्त होती है। यह एकाग्रता बढ़ाने में सहायक होता है और मन की अशांति दूर करता है। सोचने की शक्ति मिलती है।

जलाधारी के उस स्थान पर चंदन लगाने से घर में सुख-समृद्धि और धन-धान्य की वृद्धि होती है। यह स्थान मां पार्वती से संबंधित माना जाता है और यहां चंदन लगाने से दांपत्य जीवन में मधुरता आती है।

शिवलिंग के मध्य भाग पर चंदन लगाने से व्यक्ति के सभी कष्ट दूर होते हैं और आरोग्य की प्राप्ति होती है।

शिवलिंग जिस वेदी पर स्थापित होता है, उस पर चंदन लगाने से मान-सम्मान और प्रतिष्ठा में वृद्धि होती है।

शिवलिंग पर रुद्राक्ष के साथ चंदन लगाते हैं, तो यह आपकी सभी मनोकामनाओं को पूर्ण करने में सहायक होता है।

पढ़ें :- Kailash Manasarovar Yatra 2026 : शिव धाम कैलाश मानसरोवर यात्रा के लिए श्रद्धालुओं की लिस्ट हुई फाइनल , ऐसे चेक करें अपना नाम

Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक, यूट्यूब और ट्विटर पर फॉलो करे...