तेलंगाना के रंगा रेड्डी जिले से एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जिसने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। पॉक्सो (POCSO) एक्ट के तहत दर्ज रेप के एक मामले में जमानत पर बाहर आते ही एक सिरफिरे आरोपी ने शुक्रवार की रात खूनी तांडव मचाया। आरोपी ने एक के बाद एक कुल 6 लोगों की बेरहमी से हत्या कर दी...
रंगा रेड्डी (तेलंगाना): तेलंगाना के रंगा रेड्डी जिले से एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जिसने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। पॉक्सो (POCSO) एक्ट के तहत दर्ज रेप के एक मामले में जमानत पर बाहर आते ही एक सिरफिरे आरोपी ने शुक्रवार की रात खूनी तांडव मचाया। आरोपी ने एक के बाद एक कुल 6 लोगों की बेरहमी से हत्या कर दी। इस खौफनाक वारदात में उसने न सिर्फ अपने ही हंसते-खेलते परिवार को खत्म कर दिया, बल्कि शिकायत करने वाली नाबालिग पीड़िता और उसके परिजनों को भी मौत की नींद सुला दिया।
हत्याओं का यह सिलसिला आरोपी राजकुमार के अपने घर से शुरू हुआ। शुक्रवार रात को जमानत मिलने के बाद उसने सबसे पहले अपनी ही 30 वर्षीय पत्नी, 4 साल के मासूम बेटे और महज 18 महीने के दुधमुंहे बच्चे पर कुल्हाड़ी से हमला कर उन्हें मौत के घाट उतार दिया। इस हैवान का दिल यही नहीं पसीजा, वह वहां से करीब 6 किलोमीटर दूर दूसरे गांव में स्थित रेप पीड़िता के घर की तरफ रवाना हुआ। वहां पहुंचकर उसने 17 साल की नाबालिग पीड़िता, उसकी मां और उसकी नानी की भी हत्या कर दी। गौरतलब है कि इसी नाबालिग लड़की ने बीते 16 मई को आरोपी राजकुमार के खिलाफ रेप की शिकायत दर्ज कराई थी।
इस रोंगटे खड़े कर देने वाली घटना के बाद अब स्थानीय पुलिस की कार्यप्रणाली और लापरवाही पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। मृतका के मामा नरेश ने पुलिस प्रशासन पर सीधे तौर पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने बताया कि आरोपी पहले भी लड़की को लगातार परेशान करता था, जिसके बाद बड़ी मुश्किल से उसके खिलाफ मामला दर्ज कराया गया था। केस दर्ज होने के बाद आरोपी खुलेआम धमकी दे रहा था कि वह एक-दो हफ्ते के भीतर पूरे परिवार को खत्म कर देगा। परिजनों का आरोप है कि इतनी बड़ी धमकी के बावजूद पुलिस ने आरोपी को न तो रिमांड पर लिया और न ही उससे ठीक से पूछताछ की।
पीड़ित परिवार का दावा है कि आरोपी के परिजनों को उसकी लोकेशन पता थी, लेकिन पुलिस ने मामले को पूरी तरह ठंडे बस्ते में डाल दिया। घटना के 20 दिन पहले भी परिवार ने पुलिस को आगाह किया था कि आरोपी खुलेआम घूम रहा है और जान से मारने की धमकियां दे रहा है, लेकिन पुलिस हर बार ढूंढने का बहाना बनाती रही। परिजनों ने बेहद गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि आरोपी भारी रिश्वत देकर महज दो दिन में जमानत पर बाहर आ गया था। इस सामूहिक हत्याकांड से गुस्साए ग्रामीणों और परिजनों की मांग है कि लापरवाही बरतने वाले पुलिसकर्मियों को तुरंत सस्पेंड किया जाए और इस हैवानियत को अंजाम देने वाले आरोपी को उनके हवाले किया जाए। फिलहाल पुलिस मामले की जांच और आरोपी की तलाश में जुटी हुई है, लेकिन इस घटना ने कानून व्यवस्था के दावों की धज्जियां उड़ा कर रख दी हैं।