यूपी (UP) के आगरा जिले (Agra District) में बीते सोमवार रात हुई पहली बारिश के बाद शहर के बुनियादी ढांचे की पोल खोल दी। आवास विकास सेक्टर-4 पुलिस चौकी (Awas Vikas Sector-4 Police Post) के पास सड़क अचानक धंस जाने से ईंटों से भरी एक ट्रैक्टर की ट्रॉली गहरे गड्ढे में समा गई। इस हादसे की वजह से पानी की लाइन और सीवर लाइन भी टूट गई, जिसकी वजह से अब शहर में दो से तीन दिन तक लोगों को पानी की कमी का भी सामना करना पड़ सकता है।
आगरा। यूपी (UP) के आगरा जिले (Agra District) में बीते सोमवार रात हुई पहली बारिश के बाद शहर के बुनियादी ढांचे की पोल खोल दी। आवास विकास सेक्टर-4 पुलिस चौकी (Awas Vikas Sector-4 Police Post) के पास सड़क अचानक धंस जाने से ईंटों से भरी एक ट्रैक्टर की ट्रॉली गहरे गड्ढे में समा गई। इस हादसे की वजह से पानी की लाइन और सीवर लाइन भी टूट गई, जिसकी वजह से अब शहर में दो से तीन दिन तक लोगों को पानी की कमी का भी सामना करना पड़ सकता है।
पहली बारिश के बाद आगरा शहर के बुनियादी ढांचे की खोल दी पोल
वहीं शमशाबाद रोड स्थित इंदिरापुरम में भी सड़क धंसने की कई घटनाएं सामने आईं है। यहां एक कार सड़क धंसने के कारण गहरे गड्ढे में चली गई। सड़क की स्थिति इतनी खराब थी कि करीब 50 मीटर की दूरी पर दूसरी जगह भी सड़क धंस गई और एक अन्य कार गड्ढे में समा गई। आगरा में बारिश की वजह से सेंट्रल जेल रोड, फतेहाबाद रोड, पश्चिम पुरी, शास्त्री पुरम सहित अन्य स्थानों पर भी सड़क धंसने और जलभराव के मामले सामने आए हैं। जिसके बाद तमाम प्रशासनिक दावों की पोल खुलती नजर आ रही है। इन तमाम घटनाओं को लेकर आगरा में किए जा रहे सड़क निर्माण और भूमिगत कार्यों की स्थिति पर गंभीर सवाल खड़े हो गए है।
आगरा में प्रशासन ने करोड़ों रुपये की लागत से विकास कार्य कराने और बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के दावे किए गए, लेकिन बारिश ने इन दावों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। जल निगम के तरफ से पानी की पाइपलाइन और सीवर लाइनों पर लगभग 500 करोड़ रुपये खर्च किए जाने के बावजूद ऐसे हालात सामने आए। अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि इन हादसों की जिम्मेदारी आखिर किसकी है और निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर उठ रहे सवालों का जवाब कौन देगा?
भाजपा ने उप्र को बदनामी के सिवा और कुछ नहीं दिया
इसी मुद्दे को लेकर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) ने एक्स पोस्ट पर भाजपा सरकार पर बड़ा हमला बोला है। उन्होंने लिखा कि भाजपा ने उप्र को बदनामी के सिवा और कुछ नहीं दिया है। अखिलेश यादव ने कहा कि आगरा में दुनियाभर के पर्यटक सैकड़ों साल पहले बनी शानदार इमारतों और निर्माणों को देखकर जब आश्चर्य से दांतों तले उंगली दबा रहे होते हैं तो उसी समय उनके सपने जैसी अवस्था तुरंत झटका खाती है क्योंकि उनकी गाड़ी भाजपा के समय में, अभी हाल बनी किसी सड़क के गड्ढे में धंसकर उनका सारा स्वप्न तोड़ देती है।
भाजपा ने उप्र को बदनामी के सिवा और कुछ नहीं दिया है।
आगरा में दुनियाभर के पर्यटक सैकड़ों साल पहले बनी शानदार इमारतों और निर्माणों को देखकर जब आश्चर्य से दाँतों तले उँगली दबा रहे होते हैं तो उसी समय उनके सपने जैसी अवस्था तुरंत झटका खाती है क्योंकि उनकी गाड़ी भाजपा के समय में,… pic.twitter.com/iXuCtf88ox
— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) June 3, 2026
आगरा में फैली आर्थिक मंदी का कारण सिर्फ़ भाजपा की भ्रष्ट नीतियाँ हैं
उन्होंने लिखा कि भाजपा का भ्रष्टाचार दुनियाभर में देश की छवि ख़राब कर रहा है। इससे सब जगह ये संदेश जाता है कि उप्र की भाजपा सरकार बेहद भ्रष्ट है क्योंकि वो उस आगरा तक का ख़्याल नहीं रखती है जहाँ समस्त विश्व से पर्यटक आते हैं तो बाक़ी शहरों की क्या दुर्दशा होगी। आगरा में फैली आर्थिक मंदी का कारण सिर्फ़ भाजपा की भ्रष्ट नीतियाँ हैं। यहाँ की पर्यटन, होटल, गाइड, टैक्सी, टूर आपरेटर्स इंडस्ट्री से लेकर दालमोठ-पेठे, हस्तशिल्प, संगमरमर की कलाकृतियों व जूते तक का हर कारोबार भाजपा के कारण ठप्प-सा हो गया है।
भाजपाइयों के इस पक्षपातपूर्ण रवैये से डरकर भी इन्वेस्टर्स उप्र में अपना पैसा नहीं फंसाना चाहते हैं
अखिलेश यादव ने कहा कि इन पर्यटकों में ही दुनिया के जाने-माने राजनेता, पूंजीपति, उद्योगपति व निवेशक भी होते हैं, जो इस बदइंतज़ामी और बदहाली को देखकर उप्र में निवेश के लिए एक पैसा भी नहीं लगाना चाहते हैं। दूसरी तरफ़ उप्र के मुखिया जी के मुख से निकले दुर्वचन बताते हैं कि उप्र में भेदभाव का स्तर, हर सीमा लांघ चुका है। भाजपाइयों के इस पक्षपातपूर्ण रवैये से डरकर भी इन्वेस्टर्स उप्र में अपना पैसा नहीं फंसाना चाहते हैं। सोशल के साथ ही लेबर अनरेस्ट और बिजली-पानी-सड़क-यातायात की ध्वस्त व्यवस्था की तस्वीरें भी पूरी दुनिया में प्रदेश को बदनाम कर रही हैं। भाजपा जाए तो, आगरा फिर खिलखिलाए।