लखनऊ व्यापार मण्डल ट्रान्सगोमती अध्यक्ष देवेंद्र गुप्ता ने यूपीआई लेन-देन पर किसी भी प्रकार का शुल्क लगाए जाने का कड़ा विरोध किया। कहा कि इससे व्यापारियों एवं उपभोक्ताओं दोनों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा व डिजिटल भुगतान व्यवस्था प्रभावित होगी। उन्होंने कहा कि सरकार को यूपीआई लेन-देन पूर्णतः निःशुल्क बनाए रखना चाहिए।
लखनऊ। लखनऊ व्यापार मण्डल ट्रान्सगोमती अध्यक्ष देवेंद्र गुप्ता ने यूपीआई लेन-देन पर किसी भी प्रकार का शुल्क लगाए जाने का कड़ा विरोध किया। कहा कि इससे व्यापारियों एवं उपभोक्ताओं दोनों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा व डिजिटल भुगतान व्यवस्था प्रभावित होगी। उन्होंने कहा कि सरकार को यूपीआई लेन-देन पूर्णतः निःशुल्क बनाए रखना चाहिए।
अध्यक्ष अमरनाथ मिश्र ने कहा कि अमिताभ श्रीवास्तव हमारे छोटे भाई की तरह थे, हैं और हमेशा रहेंगे। उनकी घर वापसी से संगठन और अधिक मजबूत हुआ है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में लालफीताशाही एवं कुछ सरकारी अधिकारियों के तरफ से व्यापारियों का उत्पीड़न चरम पर है। व्यापारियों के साथ ऐसा व्यवहार किया जा रहा है मानो वे बंधुआ मजदूर हों, जबकि उनकी समस्याओं की कहीं सुनवाई नहीं हो रही है। उन्होंने कहा कि यदि आवश्यकता पड़ी तो व्यापारियों को अपनी जायज मांगों के समर्थन में लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष एवं आंदोलन के लिए सदैव तैयार रहना होगा।
उन्होंने कहा कि नगर निगम द्वारा जियो टैगिंग के नाम पर व्यापारियों का उत्पीड़न किया जा रहा है। वहीं शहर में अतिक्रमण एवं ई-रिक्शा संचालन को लेकर स्पष्ट नीति के अभाव में यातायात व्यवस्था चरमरा गई है, जिससे बाजारों का व्यापार प्रभावित हो रहा है। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों तक व्यापारियों की आवाज पहुंचने के बावजूद समस्याओं का समाधान नहीं हो रहा है। ऐसी स्थिति में संगठित संघर्ष ही एकमात्र प्रभावी विकल्प रह जाता है।
वरिष्ठ महामंत्री पवन मनोचा ने कहा कि लखनऊ व्यापार मण्डल सदैव व्यापारियों के सम्मान, सुरक्षा एवं अधिकारों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध रहा है। उन्होंने कहा कि व्यापारियों की एकजुटता ही उनकी सबसे बड़ी ताकत है और सभी बाजारों के व्यापारियों से संगठन से जुड़कर इसे और अधिक मजबूत बनाने का आह्वान किया।
वरिष्ठ महामंत्री उमेश शर्मा ने कहा कि अमिताभ श्रीवास्तव के लखनऊ व्यापार मण्डल में पुनः शामिल होने से संगठन को नई ऊर्जा और मजबूती मिलेगी। उन्होंने कहा कि अमिताभ श्रीवास्तव का व्यापारियों के बीच व्यापक जनाधार और लंबा अनुभव संगठन को और अधिक सशक्त बनाएगा। उनके नेतृत्व और सक्रिय सहभागिता से व्यापारियों की समस्याओं के समाधान के लिए संगठन का संघर्ष और प्रभावी होगा। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि उनके साथ जुड़ने से बड़ी संख्या में व्यापारी लखनऊ व्यापार मण्डल से जुड़ेंगे और संगठन निरंतर मजबूत होता जाएगा।
कोषाध्यक्ष सुहैल हैदर अल्वी ने कहा कि व्यापारी वर्ग देश एवं प्रदेश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ है, लेकिन सबसे अधिक उपेक्षा भी उसी की हो रही है। विभिन्न विभागों की जटिल प्रक्रियाओं, अनावश्यक नोटिसों एवं प्रशासनिक उत्पीड़न से व्यापारी परेशान हैं। लखनऊ व्यापार मण्डल व्यापारियों के सम्मान एवं अधिकारों की रक्षा के लिए आगे भी मजबूती से संघर्ष करता रहेगा। व्यापारियों ने जुलूस के रूप में पूरे बाजार का भ्रमण किया। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित व्यापारियों ने लखनऊ व्यापार मण्डल को और अधिक मजबूत एवं सक्रिय संगठन बनाने तथा व्यापारियों की समस्याओं के समाधान के लिए निरंतर संघर्ष करने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम में मुख्य रूप सें अमरनाथ मिश्र, देवेंद्र गुप्ता, पवन मनोचा, उमेश शर्मा, उत्तम कपूर जिला महामंत्री अरविंद पाठक, नितिन जैन, अभिषेक सिंह चौहान सतनाम सिंह मनीष वर्मा, अभिषेक गुप्ता, चिराग जाखोड़िया ऋषी मेहरा रिक्कू यादव एवं विशाल चौरसिया सहित बड़ी संख्या में व्यापारी उपस्थित रहे।