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Navratri Special: नवरात्रि के सातवें दिन मां कालरात्रि को प्रसन्न करने के लिए लगाएं गुड़ की खीर का भोग

आज नवरात्रि का सातवां दिन है। इस दिन मां दुर्गा के सातवें स्वरुप मां कालरात्रि की पूजा की जाती है। मान्यता है कि मां कालरात्रि को ही महायोगीश्वरी, महायोगिनी और शुभंकरी कहा जाता है।

By प्रिन्सी साहू 
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आज नवरात्रि का सातवां दिन है। इस दिन मां दुर्गा के सातवें स्वरुप मां कालरात्रि की पूजा की जाती है। मान्यता है कि मां कालरात्रि को ही महायोगीश्वरी, महायोगिनी और शुभंकरी कहा जाता है।

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मां कालरात्रि की विधिवत पूजा अर्चना की जाती है। मां कालरात्रि अपने भक्तों को काल से बचाती है। अर्थात माता के भक्त को अकाल मृत्यु का भय नहीं रहता। मां कालरात्रि को गुड़ का भोग बहुत प्रिय होता है। इसलिए आज हम आपको मां कालरात्रि के भोग के लिए गुड़ की खीर बनाने का तरीका बताने जा रहे है। इसे भोग लगाने मां प्रसन्न होती है।

गुड़ की खीर बनाने के लिए जरुरी सामग्री

एक कप समा के चावल
घी
2 लीटर दूध
125 ग्राम गुड़
4 इलायची
चिरौंजी और केसर
1 कप ड्राई फूट्स (काजू, बादाम, पिस्ता)

गुड़ की खीर बनाने का तरीका

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गुड़ की खीर बनाने के लिए सबसे पहले समा के चावलों को धोकर उन्हें हल्का पका लें। समा के चावलों को हल्का पकाने के बाद उन्हें अलग रख दें। इसके बाद एक बड़ा बर्तन लेकर उसमें एक चम्मच घी डालकर गैस की प्लेम कम करने के बाद इलायची डालें। उसके बाद आधा कप पानी डालने के बाद इसमें दूध डालें।

जब दूध अच्छी तरह उबल जाए और उसमें उबाल आने लगे तो दूध में पके हुए चावलों को डालकर लगातार चलाते हुए थोड़ी देर चावलों को दूध में और पकने दें। ऐसा करने से चावल बर्तन के तले से चिपकेंगे नहीं।

इसके बाद दूध में बादाम, काजू और चिरौंजी डालकर पकाएं। इसके बाद कसे हुए गुड़ को बर्तन में डालकर लगातार दो से तीन मिनट खीर को चलाते हुए पकाएं। मां कालरात्रि को भोग लगाने के लिए आपकी टेस्टी गुड़ की खीर बनकर तैयार है। इसे ऊपर से पिस्ता से गार्निश करके गर्म या ठंडा, माता रानी को भोग लगाने के बाद प्रसाद के रूप में घर के बाकी सदस्यों को परोसा जा सकता है।

 

 

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