Mumbai: बीसीसीआई की ओर से बांग्लादेश क्रिकेटर मुस्तफिजुर रहमान को आईपीएल से बाहर करने के फैसले पर देश की सियासत गरमायी हुई है। एकतरफ जहां लोग केकेआर की ओर से रहमान को शामील करने पर फ्रेंचाइजी मालिक शाहरुख खान की आलोचना कर रहे हैं तो दूसरी तरफ, इस मामले में बीसीसीआई को पूरी तरह दोषी मान रहे हैं। इस बीच, एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने बांग्लादेशी क्रिकेटर को हटाने के विवाद को शेख हसीना से जोड़ दिया है।
Mumbai: बीसीसीआई की ओर से बांग्लादेश क्रिकेटर मुस्तफिजुर रहमान को आईपीएल से बाहर करने के फैसले पर देश की सियासत गरमायी हुई है। एकतरफ जहां लोग केकेआर की ओर से रहमान को शामील करने पर फ्रेंचाइजी मालिक शाहरुख खान की आलोचना कर रहे हैं तो दूसरी तरफ, इस मामले में बीसीसीआई को पूरी तरह दोषी मान रहे हैं। इस बीच, एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने बांग्लादेशी क्रिकेटर को हटाने के विवाद को शेख हसीना से जोड़ दिया है।
मुंबई में एक रैली को संबोधित करते हुए ओवैसी ने सवाल किया कि जब पहलगाम हमले के बाद भी भारत और पाकिस्तान ने क्रिकेट मैच खेला था तो अब बांग्लादेशी खिलाड़ी को बाहर क्यों किया गया है? इस दौरान ओवैसी ने सरकार को बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना को वापस भेजने का चैलेंज दे दिया है। उन्होंने कहा, “महाराष्ट्र और मुंबई की जनता से बोल रहे हो कि हमने एक बांग्लादेशी को भिजवा दिया। अरे एक और को भी भिजवाओ न जो मोदी की बहन बनकर दिल्ली में बैठी हुई है।”
ओवैसी ने रैली में मौजूद लोगों से पूछा- आप चाहते हो मोहतरमा बांग्लादेश जाये। आप चाहते हो बांग्लादेश को दे दिया जाए। इस पर उनके समर्थकों ने एक सुर में ‘हाँ’ का जवाब दिया। इसके बाद ओवैसी ने नारे लगवाये और कहा, “मोदी जी सुनो ये आवाज आ रही है, उसको लेकर जाओ बांग्लादेश। उसको निकालो।” बता दें कि बीसीसीआई ने हाल में केकेआर को अपनी स्क्वाड से बांग्लादेशी तेज गेंदबाज को रिलीज करने का निर्देश दिया है। जिसके बाद बांग्लादेश ने अपने खिलाड़ियों को टी20 वर्ल्ड कप 2026 के लिए भारत भेजने से इंकार कर दिया। वहीं, भारत में विपक्ष के कई नेताओं ने क्रिकेट को राजनीति से दूर रखने की वकालत की है।