अमेरिका ने ISIS के दूसरे सबसे बड़े आतंकी अबू-बिलाल को मार गिराया है। डोनाल्ड ट्रंप ने इसकी जानकारी दी है। अफ्रीका में छिपा यह आतंकी इस्लामिक दुनिया बनाना चाहता था।
US : अमेरिका ने ISIS के दूसरे सबसे बड़े आतंकी अबू-बिलाल को मार गिराया है। डोनाल्ड ट्रंप ने इसकी जानकारी दी है। अफ्रीका में छिपा यह आतंकी इस्लामिक दुनिया बनाना चाहता था। खबरों के अनुसार, अमेरिकी और नाइजीरियाई सेना ने मिलकर यह जटिल ऑपरेशन किया। नाइजीरिया और अमेरिका सेना ने मिलकर इसका काम तमाम कर दिया। ट्रंप ने कहा कि इससे दुनिया भर में ISIS की आतंकी गतिविधियां कमजोर होंगी।
अबू-बिलाल इस्लामिक स्टेट वेस्ट अफ्रीका प्रोविंस (ISWAP) में संगठन का नंबर दो माना जाता था। अमेरिकी सेना को लंबे समय से अल-मिनुकी की तलाश थी।
डोनाल्ड ट्रंप ने दी जानकारी
ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर इस खबर को साझा किया। उन्होंने बताया कि यह एक बहुत ही जटिल और सुनियोजित मिशन था। अमेरिकी सेना और नाइजीरियाई सशस्त्र बलों ने मिलकर इस ऑपरेशन को पूरी सटीकता के साथ अंजाम दिया। ट्रंप ने अल-मिनुकी को दुनिया का सबसे सक्रिय आतंकवादी बताया।
कौन था अबू बिलाल अल-मिनुकी?
साल 1982 में नाइजीरिया के बोर्नो में पैदा हुए अबू-बिलाल अल-मिनुकी को अमेरिका ने 2023 में ‘वैश्विक आतंकवादी’ घोषित किया था। आतंकी संगठनों पर नजर रखने वाले गैर-सरकारी संगठन काउंटर एक्सट्रीमिज्म प्रोजेक्ट के अनुसार, अल-मिनुकी ने 2018 में इस्लामिक स्टेट वेस्ट अफ्रीका प्रोविंस (ISWAP) के प्रमुख मम्मन नूर की हत्या के बाद ISIS की क्षेत्रीय कमांड अपने हाथ में ले ली थी। उसे नूर के मुख्य प्रतिद्वंद्वियों में से एक माना जाता था।
बाद में अल-मिनुकी ISWAP के भीतर एक प्रमुख हस्ती के रूप में उभरा। बोको हराम के नेता अबूबकर शेकाऊ के साथ उसके रिश्ते अच्छे नहीं रहे। काउंटर एक्सट्रीमिज्म प्रोजेक्ट की वेबसाइट के अनुसार, मार्च 2015 और 2016 में बोको हराम के नेता अबूबकर शेकाऊ ने कथित तौर पर ISIS के उस निर्देश को अस्वीकार कर दिया था जिसमें लड़ाकों को लीबिया भेजने के लिए कहा गया था।