1. हिन्दी समाचार
  2. क्षेत्रीय
  3. औरंगजेब की तारीफ करने पर महाराष्ट्र में मचा बवाल, सपा प्रदेश अध्यक्ष अबू आजमी के खिलाफ केस दर्ज

औरंगजेब की तारीफ करने पर महाराष्ट्र में मचा बवाल, सपा प्रदेश अध्यक्ष अबू आजमी के खिलाफ केस दर्ज

Abu Azmi praised Aurangzeb: महाराष्ट्र में समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और विधायक अबू आजमी अक्सर अपने बयानों को लेकर सुर्खियों में रहते हैं, लेकिन आजमी ने मुगल शासक औरंगजेब की तारीफ करके नया विवाद खड़ा कर दिया है। सपा नेता ने दावा किया कि औरंगजेब के समय भारत को सोने की चिड़िया कहा जाता था। उनके इस बयान का भाजपा और शिवसेना (शिंदे गुट) ने जोरदार विरोध किया है।

By Abhimanyu 
Updated Date

Abu Azmi praised Aurangzeb: महाराष्ट्र में समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और विधायक अबू आजमी अक्सर अपने बयानों को लेकर सुर्खियों में रहते हैं, लेकिन आजमी ने मुगल शासक औरंगजेब की तारीफ करके नया विवाद खड़ा कर दिया है। सपा नेता ने दावा किया कि औरंगजेब के समय भारत को सोने की चिड़िया कहा जाता था। उनके इस बयान का भाजपा और शिवसेना (शिंदे गुट) ने जोरदार विरोध किया है।

पढ़ें :- 'नारायण मूर्ति' की कंपनी 'इंफोसिस' ने दो अमेरिकी कंपनियों का किया अधिग्रहण

दरअसल, मुंबई के मानखुर्द शिवाजी नगर निर्वाचन क्षेत्र से महाराष्ट्र सपा के चीफ विधायक अबू आजमी ने दावा किया कि औरंगजेब के शासनकाल में भारत की सीमा अफगानिस्तान एवं बर्मा तक पहुंच गयी थी। उन्होंने कहा, ‘‘हमारा सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) विश्व सकल घरेलू उत्पाद का 24 प्रतिशत था और भारत को (औरंगजेब के समय) सोने की चिड़िया कहा जाता था।’’ अबू आजमी के बयान के खिलाफ महायुति के नेताओं ने राज्य विधानसभा के बाहर विरोध प्रदर्शन किया है।

इससे पहले महाराष्ट्र के डिप्टी एकनाथ शिंदे ने सोमवार को कहा, “औरंगजेब, जिसने छत्रपति शिवाजी महाराज के पुत्र संभाजी महाराज की हत्या करवाई, उसकी प्रशंसा करना एक बड़ा पाप है। सिर्फ निंदा करने से काम नहीं चलेगा, अबू आजमी के खिलाफ देशद्रोह का मामला दर्ज होना चाहिए… उन्हें माफी मांगनी चाहिए।” लोकसभा सदस्य नरेश म्हास्के की शिकायत पर धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के प्रयास के आरोप में ठाणे में आजमी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई।

हालांकि, सपा विधायक अबू आजमी अपने बयान पर कायम रहे हैं। विवाद बढ़ने के बाद उन्होंने मीडिया से कहा, “गलत इतिहास दिखाया जा रहा है।” उन्होंने कहा, “औरंगजेब ने कई मंदिर बनवाए थे। मैं उसे क्रूर प्रशासक नहीं मानता। छत्रपति संभाजी महाराज और औरंगजेब के बीच जो युद्ध हुआ था, वह प्रशासनिक सत्ता का संघर्ष था, न कि हिंदू-मुसलमान का युद्ध।”

पढ़ें :- उत्तर प्रदेश: लखनऊ-देवरिया-सुल्तानपुर-गोंडा में पेट्रोल पंपों पर भीड़, अफवाह से मची अफरा-तफरी । गोरखपुर DM और SSP सड़क पर उतरें
Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक, यूट्यूब और ट्विटर पर फॉलो करे...