मध्य प्रदेश के मुरैना जिले (Morena District) के पोरसा क्षेत्र में रविवार सुबह 10 बजे चंबल नदी (Chambal River) के बीच यात्रियों से भरी मोटर बोट अचानक बंद हो गई। नगरा साहसपुर घाट (Nagra Sahaspur Ghat) से आगरा के बटेश्वर महादेव मंदिर (Bateshwar Mahadev Temple) जा रही मोटर बोट में 100 से ज्यादा यात्री और 50 बाइकें थीं। इंजन बंद होने के बाद मोटर बोट तेज बहाव में बहने लगी, जिससे यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई।
मुरैना। मध्य प्रदेश के मुरैना जिले (Morena District) के पोरसा क्षेत्र में रविवार सुबह 10 बजे चंबल नदी (Chambal River) के बीच यात्रियों से भरी मोटर बोट अचानक बंद हो गई। नगरा साहसपुर घाट (Nagra Sahaspur Ghat) से आगरा के बटेश्वर महादेव मंदिर (Bateshwar Mahadev Temple) जा रही मोटर बोट में 100 से ज्यादा यात्री और 50 बाइकें थीं। इंजन बंद होने के बाद मोटर बोट तेज बहाव में बहने लगी, जिससे यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई।
चंबल नदी में बही सवारियों से भरी मोटर बोट, 100 से ज्यादा थे सवार; बाल-बाल बची जान https://t.co/y18ZHG0x8A pic.twitter.com/SLqzkXbzIW
— Bhupendra Tiwari (@Bhupend29375158) August 16, 2026
प्रत्यक्षदर्शियों मुताबिक मोटर बोट नगरा साहस पुरा घाट से बाह के कैंजराघाट के लिए चली थी। इसी दौरान चंबल नदी (Chambal River) की धार के बीच पहुंचते ही उसका इंजन बंद हो गया। मोटर बोट में मौजूद यात्रियों ने डीजल खत्म होने की बात बताई। कुछ के मुताबिक मोटर बोट के पंखे में कपड़ा भी फंस गया था। इंजन बंद होने के बाद मोटर बोट को नियंत्रित करना मुश्किल हो गया और वह पानी के तेज बहाव के साथ बहने लगी।
इंजन बंद होने के बाद मोटर बोट नदी की धार के साथ आगे बढ़ती रही। मोटर बोट स्टाफ ने उसे नदी के किनारे लाने की कोशिश शुरू की। इसके लिए बल्लियों का सहारा लिया गया। लेकिन चंबल नदी (Chambal River) का तेज बहाव और मोटर बोट पर मौजूद यात्रियों व वाहनों की संख्या के कारण उसे नियंत्रित करने में परेशानी सामने आई। काफी प्रयास के बाद भी स्थिति आसान नहीं थी और यात्रियों में डर बना रहा।
आखिरकार मोटर बोट को भिंड के कनेरा में रोकने में कामयाबी मिली। तब कहीं जाकर यात्रियों ने राहत की सांस ली। कैंजराघाट पर खेड़ा राठौर एवं बासौनी थाने की पुलिस के साथ पहुंचे बाह के तहसीलदार संपूर्ण कुलश्रेष्ठ ने हादसे की जानकारी ली। उन्होंने बताया कि कोई हताहत नहीं हुआ है।