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परिसीमन पर सियासत तेज, खरगे ने PM मोदी को लिखा पत्र: सर्वदलीय बैठक बुलाने की मांग

संसद के मानसून सत्र से पहले कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर परिसीमन और महिला आरक्षण से जुड़े प्रस्तावों पर सर्वदलीय बैठक बुलाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि सरकार संसद में कोई भी संशोधित विधेयक पेश करने से पहले सभी राजनीतिक दलों से चर्चा करे...

By Harsh 
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नई दिल्ली। संसद के मानसून सत्र से पहले कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर परिसीमन और महिला आरक्षण से जुड़े प्रस्तावों पर सर्वदलीय बैठक बुलाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि सरकार संसद में कोई भी संशोधित विधेयक पेश करने से पहले सभी राजनीतिक दलों से चर्चा करे और उन्हें प्रस्तावों का अध्ययन करने के लिए पर्याप्त समय दिया जाए।

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रिजिजू को लिखे थे कई पत्र

खरगे ने अपने पत्र में बताया कि उन्होंने मार्च और अप्रैल के दौरान केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू को कई बार पत्र लिखकर परिसीमन और उससे जुड़े प्रस्तावों पर सर्वदलीय बैठक बुलाने का अनुरोध किया था। हालांकि उनके अनुसार सरकार की ओर से इस मांग पर कोई सकारात्मक जवाब नहीं मिला।

फिर लाया जा सकता है संशोधित विधेयक

कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि उन्हें जानकारी मिली है कि केंद्र सरकार आगामी मानसून सत्र में संविधान (131वां संशोधन) विधेयक 2026 का संशोधित मसौदा दोबारा संसद में पेश करने की तैयारी कर रही है। ऐसे में सरकार को पहले सभी दलों के साथ चर्चा करनी चाहिए ताकि प्रस्तावों पर व्यापक सहमति बन सके।

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अप्रैल में नहीं मिल पाया था दो-तिहाई बहुमत

संविधान (131वां संशोधन) विधेयक का उद्देश्य वर्ष 2029 से महिला आरक्षण लागू करने के साथ-साथ लोकसभा और विधानसभा क्षेत्रों के परिसीमन तथा लोकसभा सीटों की संख्या में बदलाव का रास्ता साफ करना था। लेकिन 17 अप्रैल 2026 को लोकसभा में यह विधेयक आवश्यक दो-तिहाई बहुमत हासिल नहीं कर सका और पारित नहीं हो पाया।

मानसून सत्र में सरकार को घेरेगी कांग्रेस

कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने कहा कि यदि सरकार मानसून सत्र में परिसीमन विधेयक दोबारा लाती है तो कांग्रेस उसका पुरजोर विरोध करेगी। उन्होंने बताया कि पार्टी ने परिसीमन के अलावा पेपर लीक महंगाई और चढ़ावा चोरी जैसे मुद्दों पर भी सरकार को घेरने की रणनीति बनाई है। संसदीय रणनीति को लेकर कांग्रेस संसदीय दल की नेता सोनिया गांधी की अध्यक्षता में पार्टी के वरिष्ठ नेताओं की बैठक हुई जिसमें मानसून सत्र की तैयारी पर विस्तार से चर्चा की गई। जयराम रमेश ने कहा कि सरकार ने अभी तक सत्र में लाए जाने वाले विधेयकों की आधिकारिक सूची साझा नहीं की है। उम्मीद है कि 19 जुलाई को होने वाली सर्वदलीय बैठक में सरकार इस संबंध में जानकारी देगी।

महिला आरक्षण का समर्थन, परिसीमन पर आपत्ति

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जयराम रमेश ने स्पष्ट किया कि यदि सरकार मौजूदा 543 लोकसभा सीटों पर ही महिला आरक्षण लागू कर 181 सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित करती है तो कांग्रेस उसका समर्थन करेगी। लेकिन महिला आरक्षण के साथ परिसीमन को जोड़ने की कोशिश पार्टी को स्वीकार नहीं है। उन्होंने दावा किया कि सरकार के पास संविधान संशोधन के लिए जरूरी दो-तिहाई बहुमत नहीं है। कांग्रेस इस मुद्दे पर अन्य विपक्षी दलों के साथ लगातार संपर्क में है और संसद के भीतर तथा बाहर सरकार के प्रस्ताव का विरोध जारी रखेगी।

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