कारोबारी शिवा शर्मा हत्याकांड (Shiva Sharma Murder Case) में लखनऊ पुलिस कमिश्नर (Lucknow Police Commissioner) ने एक और बड़ी कार्रवाई करते हुए एसीपी हज़रतगंज रजनीश वर्मा (ACP Hazratganj, Rajnish Verma) को उनके पद से हटा दिया है। इस सनसनीखेज मामले में प्रशासनिक स्तर पर पहले ही बड़ी कार्रवाई की जा चुकी है, जिसके तहत डीसीपी सेंट्रल विक्रांत वीर (DCP Central, Vikrant Veer) को भी हटाया गया था और इंस्पेक्टर हज़रतगंज विक्रम सिंह (Inspector, Hazratganj Vikram Singh) को लाइन हाजिर किया गया था।
लखनऊ। कारोबारी शिवा शर्मा हत्याकांड (Shiva Sharma Murder Case) में लखनऊ पुलिस कमिश्नर (Lucknow Police Commissioner) ने एक और बड़ी कार्रवाई करते हुए एसीपी हज़रतगंज रजनीश वर्मा (ACP Hazratganj, Rajnish Verma) को उनके पद से हटा दिया है। इस सनसनीखेज मामले में प्रशासनिक स्तर पर पहले ही बड़ी कार्रवाई की जा चुकी है, जिसके तहत डीसीपी सेंट्रल विक्रांत वीर (DCP Central, Vikrant Veer) को भी हटाया गया था और इंस्पेक्टर हज़रतगंज विक्रम सिंह (Inspector, Hazratganj Vikram Singh) को लाइन हाजिर किया गया था।
वहीं, हत्याकांड की मुख्य आरोपी श्रद्धा दुबे (Shraddha Dubey) अभी भी पुलिस की पकड़ से बाहर और फरार चल रही है। हैरानी की बात यह है कि वह लगातार सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर रही है, लेकिन इसके बावजूद वह पुलिस की गिरफ्त से दूर है।
दूसरी तरफ, पुलिस का दावा है कि उसकी तलाश में नेपाल के साथ-साथ पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी कई विशेष टीमों को रवाना किया गया है, जो लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। पुलिस का कहना है कि मिले तमाम इनपुट और तकनीकी सर्विलांस के आधार पर आरोपियों की धर-पकड़ के प्रयास तेज कर दिए गए हैं।
पुलिस की 10 टीमें पिछले 10 दिनों से जुटीं
कारोबारी शिवा शर्मा की मौत के मामले में मॉडल श्रद्धा दुबे (Shraddha Dubey) की तलाश में पुलिस की 10 टीमें पिछले 10 दिनों से जुटी हैं। इस बीच श्रद्धा के लगातार वीडियो सामने आ रहे हैं। रविवार को एक मीडिया संस्थान से बातचीत का श्रद्धा का नया वीडियो सामने आया। इसमें उसने खुद को बेगुनाह बताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की।
तीन मिनट 56 सेकंड के इस वीडियो में श्रद्धा ने कहा कि उस पर लगाए गए आरोप बेबुनियाद हैं। उसका दावा है कि शिवा ने आत्महत्या की थी और उसने उसे अपनी बिल्डिंग की चौथी मंजिल से छलांग लगाते हुए देखा था। श्रद्धा के मुताबिक, बिल्डिंग के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज सामने आने से सच्चाई स्पष्ट हो जाएगी। उसने सवाल उठाया कि नेपाल बॉर्डर के कैमरों की जांच की गई लेकिन उसकी बिल्डिंग के सीसीटीवी फुटेज अब तक क्यों नहीं निकाले गए। श्रद्धा का दावा है कि फुटेज से उनकी बेगुनाही साबित हो जाएगी।
श्रद्धा ने बताया कि वह शिवा को करीब चार महीने से जानती थी। उसके मुताबिक, दोनों के बीच बातचीत की पुष्टि कॉल डिटेल से हो सकती है। उसने दावा किया कि शुरुआती ढाई महीने तक शिवा उसके दोस्त थे और घर नहीं आते थे। करीब डेढ़ महीने पहले उनका घर आना-जाना शुरू हुआ था। श्रद्धा का कहना है कि इतने कम समय में उनके संबंध इतने खराब नहीं हुए थे कि वे एक-दूसरे के खिलाफ ऐसा कदम उठाने के बारे में सोचते।
श्रद्धा दुबे ने बताई वजह
श्रद्धा के मुताबिक, शिवा की मां उसे पसंद नहीं करती थीं। इसकी वजह बताते हुए उसने कहा कि संभव है कि वह शिवा से एक-दो साल बड़ी थी। श्रद्धा ने दावा किया कि शिवा ने उसे बताया था कि उस पर 16 से 17 लाख रुपये का कर्ज था और उन्होंने उससे भी पैसे मांगे थे। अपने घर से जेवर गायब होने के मामले में श्रद्धा ने दावा किया कि शिवा उसके घर से पांच-छह लाख रुपये के जेवर ले गए थे। उसने इसे अपना निजी मामला बताते हुए कहा कि शिवा उसके करीबी थे और उन्हें जेवर ले जाने का हक था।
सदमे और डर के कारण छोड़ा शहर
श्रद्धा ने बताया कि उसे सांस लेने में दिक्कत समेत कुछ अन्य स्वास्थ्य समस्याएं हैं। घटना के बाद सदमे में होने के कारण उसे शहर छोड़ना पड़ा। कहा कि वह हालात का डटकर सामना करना चाहती थी लेकिन सदमे के चलते ऐसा नहीं कर सकी। वीडियो के अंत में श्रद्धा ने पुलिस और न्यायपालिका से निष्पक्ष जांच की अपील की। उसने कहा कि केवल हत्या का आरोप लगा देने से किसी को पूरे देश के सामने अपराधी साबित कर देना न्याय नहीं है।
इंस्पेक्टर हजरतगंज लाइन हाजिर
शिवा शर्मा की मौत के मामले में दस दिन बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होने पर शासन स्तर पर नाराजगी है। इसी बीच शनिवार देर रात पुलिस आयुक्त तरुण गाबा ने इंस्पेक्टर हजरतगंज विक्रम सिंह को लाइन हाजिर कर दिया। फिलहाल उनकी जगह किसी नए इंस्पेक्टर की तैनाती नहीं हुई है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए गठित टीम में इंस्पेक्टर विक्रम सिंह शामिल हैं।