1. हिन्दी समाचार
  2. तकनीक
  3. अंतरिक्ष में फंसी सुनीता विलियम्स! एयरक्राफ्ट में खराबी की वजह से अब वापसी में करना पड़ रहा है दिक्कत का सामना

अंतरिक्ष में फंसी सुनीता विलियम्स! एयरक्राफ्ट में खराबी की वजह से अब वापसी में करना पड़ रहा है दिक्कत का सामना

बोइंग स्टारलाइनर (Boeing Starliner) के अंतरिक्ष यात्रियों ने इस बार जबसे यात्रा का प्लान बनाया है। तब से कुछ न कुछ दिक्कतें सामने आ रही हैं। दो बार तकनीकी खराबी (Technical Fault) आने के बाद तीसरी बार में दोनों अंतरिक्ष यात्रियों को इंटरनेशनल स्पेस सेंटर (ISS) के लिए रवाना किया गया था।

By santosh singh 
Updated Date

नई दिल्ली। बोइंग स्टारलाइनर (Boeing Starliner) के अंतरिक्ष यात्रियों ने इस बार जबसे यात्रा का प्लान बनाया है। तब से कुछ न कुछ दिक्कतें सामने आ रही हैं। दो बार तकनीकी खराबी (Technical Fault) आने के बाद तीसरी बार में दोनों अंतरिक्ष यात्रियों को इंटरनेशनल स्पेस सेंटर (ISS) के लिए रवाना किया गया था। अब आईएसएस (ISS)  से वापस आने में उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्पेसक्राफ्ट में तकनीकी दिक्कत (Technical Fault)  की वजह से उन्हें धरती पर लौटने में देरी हो रही है। वहीं इंजीनियरों का कहना है कि जल्द ही स्पेसक्राफ्ट की कमी दूर की जाएगी और उन्हें धरती पर वापस लाया जाएगा।

पढ़ें :- Weather Update: देशभर में बदला मौसम का मिजाज, आंधी-बारिश का अलर्ट, गर्मी से मिलेगी राहत

बता दें कि स्टारलाइनर स्पेसक्राफ्ट (Starliner Spacecraft) से इस बार बुच विलमोर और भारतीय मूल की सुनीता विलियम्स (Indian origin Sunita Williams) आईएसएस पहुंची थीं। स्टारलाइनर स्पेसक्राफ्ट का रिटर्न मॉड्यूल आईएसएस (ISS) के हार्मोनी मॉड्यूल (Harmony Module) पर रुका है। हालांकि हार्मोनी मॉड्यूल (Harmony Module) में सीमित ईंधन ही बचा है। वहीं स्टारलाइन में पांच जगहों से हीलियम के रिसाव की वजह से वापसी की यात्रा नहीं शुरू हो पा रही है। सीएनएन (CNN) की रिपोर्ट के मुताबिक स्टारलाइनर में पांच थ्रस्टर हैं जिन्होंने काम करना बंद कर दिया था।

इसी बीच सोशल मीडिया पर यूजर्स कह रहे हैं कि स्टारलाइनर से अंतरिक्ष यात्रा बेहद खतरनाक है। अब स्पेस एक्स को अंतरिक्षयात्रियों को वापस लाने के लिए भेजा जाना चाहिए। अंतरिक्ष विज्ञानी जोनाथन मैकड्वेल (Astronaut Jonathan McDowell) ने कहा कि अगर कुछ थ्रस्टर काम नहीं भी करते हैं तब भी दोनों अंतरिक्ष यात्री पृथ्वी पर सुरक्षित वापस आ सकते हैं। इन छोटी समस्याओं से लैंडिंग पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा। सबसे बुरा तो यही होगा कि अंतरिक्ष यात्री आईएसएस में मस्क के ड्रैगन स्पेसक्राफ्ट का इंतजार करें।

बता दें कि दो असफल कोशिशों के बाद 5 जून को दोनों अंतरिक्षयात्रियों को लेकर बोइंग स्टारलाइनर (Boeing Starliner)  रवाना हुआ था। 25 घंटे की यात्रा के दौरान पता चला था कि स्पेसक्राफ्ट में पांच जगह से हीलियम लीक (Helium leak) है। वहीं पांच थ्रस्टर ने काम करना बंद कर दिया था। बोइंग स्टारलाइनर (Boeing Starliner)  प्रोग्राम के मैनेजर ने खुद कहा था कि उनका हीलियम सिस्टम (Helium System) उस तरह काम नहीं कर रहा है, जो सोचकर उसे डिजाइन किया गया था। इंजीनियरों को भी पता नहीं है कि आखिर दिक्कत क्या आ रही है?

पढ़ें :- NEET छात्रों से मुलाक़ात में एक बात साफ़ हो गई कि भारत का युवा पीएम नरेंद्र मोदी पर भरोसा नहीं करता: राहुल गांधी
Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक, यूट्यूब और ट्विटर पर फॉलो करे...