Anti-Delimitation Protest : संसद के विशेष सत्र में केंद्र सरकार तीन विधेयक पेश करने वाली है, जिनमें परिसीमन विधेयक 2026 भी शामिल है। इनका मकसद महिला आरक्षण कानून-नारी शक्ति वंदन अधिनियम को पूरी तरह लागू करना है। लेकिन, विपक्ष परिसीमन को लेकर केंद्र पर गंभीर आरोप लगा रहा है। तमिल नाडु के सीएम एमके स्टालिन ने गुरुवार को परिसीमन से जुड़े विधेयक की कॉपी जलाकर इसका विरोध जताया।
Anti-Delimitation Protest : संसद के विशेष सत्र में केंद्र सरकार तीन विधेयक पेश करने वाली है, जिनमें परिसीमन विधेयक 2026 भी शामिल है। इनका मकसद महिला आरक्षण कानून-नारी शक्ति वंदन अधिनियम को पूरी तरह लागू करना है। लेकिन, विपक्ष परिसीमन को लेकर केंद्र पर गंभीर आरोप लगा रहा है। तमिल नाडु के सीएम एमके स्टालिन ने गुरुवार को परिसीमन से जुड़े विधेयक की कॉपी जलाकर इसका विरोध जताया।
DMK अध्यक्ष और तमिलनाडु के सीएम एम.के. स्टालिन ने गुरुवार को काले कपड़े पहनकर, केंद्र सरकार के परिसीमन कदम के विरोध में एक काला झंडा फहराया। उन्होंने प्रस्तावित परिसीमन विधेयक की एक प्रति भी जलाई। जिसका वीडियो उन्होंने एक्स पोस्ट के जरिये शेयर भी किया और लिखा, ‘#परिसीमन: विरोध की ज्वाला पूरे तमिलनाडु में फैल जाए! फासीवादी BJP का अहंकार चूर-चूर हो जाए! फिर, #HindiImposition के ख़िलाफ़ तमिलनाडु से भड़की विरोध की आग ने दिल्ली को झुलसा दिया। यह आग तभी शांत हुई, जब दिल्ली को झुकने पर मजबूर होना पड़ा।”
#Delimitation: Let the flames of resistance spread across Tamil Nadu!
Let the arrogance of the fascist BJP be brought down!🔥 Then, the fire of resistance against #HindiImposition that rose from Tamil Nadu scorched Delhi. It quietened only after Delhi was forced to yield.
पढ़ें :- भाजपा नेता तमिलिसाई सुंदरराजन ने एसआईआर प्रक्रिया का विरोध करने वालों की निंदा
— M.K.Stalin – தமிழ்நாட்டை தலைகுனிய விடமாட்டேன் (@mkstalin) April 16, 2026
उन्होंने आगे लिखा, “आज, मैंने इस काले कानून की प्रति जलाकर और इसके खिलाफ काला झंडा फहराकर उस आग को फिर से भड़का दिया है—यह एक ऐसा काला कानून है जो तमिलों को उनकी अपनी ही धरती पर शरणार्थी बनाने की साज़िश रचता है। यह आग अब पूरे द्रविड़ क्षेत्र में फैल जाएगी। यह भड़केगी, यह प्रचंड रूप धारण करेगी, और यह BJP के अहंकार को घुटनों पर ला देगी।”