सनातन धर्म भगवान विष्णु की पूजा का विशेष महात्म बताया गया है। भगवान विष्णु को पालनहार कहा जाता है। भगवान विष्णु की कृपा से भक्तों के जीवन सुख समृद्धि का वास होता है। व्रत उपवास की श्रृंखला में एकादशी तिथि भगवान विष्णु को समर्पित मानी जाती है।
Apara Ekadashi 2026 : सनातन धर्म भगवान विष्णु की पूजा का विशेष महात्म बताया गया है। भगवान विष्णु को पालनहार कहा जाता है। भगवान विष्णु की कृपा से भक्तों के जीवन सुख समृद्धि का वास होता है। व्रत उपवास की श्रृंखला में एकादशी तिथि भगवान विष्णु को समर्पित मानी जाती है। एकादशी व्रत भगवान विष्णु की पूजा की जाती है। ज्येष्ठ महीने के कृष्ण पक्ष में पड़ने वाली एकादशी को अपरा एकादशी कहा जाता है। इस साल अपरा एकादशी 13 मई दिन बुधवार को रखा जाएगा। इस दिन पूजा के दौरान अपरा एकादशी की कथा का पाठ करना बेहद फलदायी माना जाता है।
अपरा एकादशी की तिथि
हिन्दू पंचांग के अनुसार ज्येष्ठ महीने के कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि की शुरुआत 12 मई को दोपहर 2 बजकर 52 मिनट पर हो चुकी है। वहीं, इसका समापन 13 मई को दोपहर 1 बजकर 29 मिनट पर होगा। ऐसे में उदया तिथि को देखते हुए अपरा एकादशी का व्रत 13 मई दिन बुधवार को रखा जा रहा है। व्रत पारण की बात करें तो इसके लिए शुभ मुहूर्त 14 मई को सुबह 5 बजकर 31 मिनट से लेकर सुबह 8 बजकर 14 मिनट तक रहेगा।
एकादशी व्रत में फलाहार करना उचित माना जाता है। तामसिक भोजन से परहेज करना चाहिए।