चिलचिलाती गर्मी में पंखे बेअसर लगने लगते हैं और राहत के लिए कूलर सबसे किफायती विकल्प बन जाता है। कूलर की कूलिंग सिर्फ पानी या फैन पर नहीं, बल्कि उसके अंदर लगे पैड (मेश) पर भी डिपेंड करती है।
Cooler Cooling : चिलचिलाती गर्मी में पंखे बेअसर लगने लगते हैं और राहत के लिए कूलर सबसे किफायती विकल्प बन जाता है। कूलर की कूलिंग सिर्फ पानी या फैन पर नहीं, बल्कि उसके अंदर लगे पैड (मेश) पर भी डिपेंड करती है। मौजूदा समय में बाजार में दो तरह के पैड ज्यादा मिलते हैं, जिसमें Grass (वुड-वूल) और Honeycomb शामिल है। दोनों के अपने फायदे-नुकसान होते हैं, लेकिन असली सवाल यह है कि आपके लिए कौन सा बेहतर रहेगा? आइए जानते हैं।
हनीकॉम्ब पैड एक लंबे समय का निवेश हैं। हालाँकि, शुरुआत में इनकी कीमत काफी ज़्यादा होती है ये कई सीज़न तक चलते हैं। ग्रास पैड सस्ते होते हैं लेकिन जल्दी खराब हो जाते हैं और हवा का बहाव बनाए रखने के लिए इन्हें हर साल बदलना पड़ता है।
बेहतर कूलिंग और कम मेंटेनेंस
Grass पैड और Honeycomb पैड दोनों के ही अपने-अपने फायदे और नुकसान है। ऐसे में आप अपनी जरूरत और बजट को ध्यान में रखते हुए आप किसी एक को चुन सकते हैं। अगर आपका बजट कम है और आप तुरंत कूलिंग चाहते हैं, तो Grass पैड एक अच्छा ऑप्शन है। लेकिन अगर आप लंबे समय तक बेहतर कूलिंग और कम मेंटेनेंस चाहते हैं, तो Honeycomb पैड ज्यादा बेहतर साबित होगा।