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हरदोई में अधिवक्ता कनिष्क मेहरोत्रा की हुई हत्या के विरोध में डीएम कानपुर देहात को जिला बार एसोसिएशन ने सौंपा ज्ञापन, अभियुक्तों के शीघ्र गिरफ्तारी की मांग

मुलायम सिंह यादव एडवोकेट अध्यक्ष जिला बार एसोसिएशन कानपुर देहात (Mulayam Singh Yadav Advocate President District Bar Association Kanpur Dehat) ने जनपद हरदोई में अधिवक्ता कनिष्क मेहरोत्रा की घर में घुसकर दुस्साहसपूर्ण तरीके से गोली मारकर हत्या कर दी गई के विरोध में जिलाधिकारी कानपुर देहात (District Magistrate Kanpur Dehat) के माध्यम से उत्तर प्रदेश सरकार को ज्ञापन देते व्यक्त किये ।

By संतोष सिंह 
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कानपुर देहात। वकील कानून के शासन को बनाए रखने और न्याय सुनिश्चित करने में अहम भूमिका निभाते हैं, लेकिन आज वह हिंसा, उत्पीड़न, डराने, धमकाने के निशाना बन गए हैं। उक्त विचार मुलायम सिंह यादव एडवोकेट अध्यक्ष जिला बार एसोसिएशन कानपुर देहात (Mulayam Singh Yadav Advocate President District Bar Association Kanpur Dehat) ने जनपद हरदोई में अधिवक्ता कनिष्क मेहरोत्रा की घर में घुसकर दुस्साहसपूर्ण तरीके से गोली मारकर हत्या कर दी गई के विरोध में जिलाधिकारी कानपुर देहात (District Magistrate Kanpur Dehat) के माध्यम से उत्तर प्रदेश सरकार को ज्ञापन देते व्यक्त किये ।

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उन्होंने कहा कि एक निडर और मजबूत बार समाज में न्याय प्रशासन का आधार है इसलिए अधिवक्ताओं की सुरक्षा के लिए एक विधायी ढांचा समय की मांग है ताकि वकील बिना किसी डर के अपने कर्तव्यों का पालन कर सके, एक प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा जब भारत में डॉक्टर और अस्पतालों की सुरक्षा के लिए कानून पारित किया जा सकता है तो अधिवक्ताओं की सुरक्षा के लिए अधिवक्ता प्रोटेक्शन एक्ट लागू क्यों नहीं किया जा सकता है ।

उन्होंने इस दुस्साहिक घटना पर रोष व्यक्त करते हुए मृतक अधिवक्ता के परिवार को एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता के साथ परिवार के सदस्य को सरकारी नौकरी दिए जाने सहित अभियुक्तों को शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की। उन्होंने कहा कि यदि जल्दी ही अधिवक्ताओं के लिए प्रोटेक्शन एक्ट लागू नहीं हुआ तो जघन्य अपराधों के आरोपी कुछ पक्षों का मामला लेने से पहले वकील दो बार सोच सकते हैं। उन्होंने कहा कि आजाद भारत में जब अधिवक्ताओं की दुर्दशा यह है तो आमजन मानस का क्या होगा।

इस मौके पर रमेश चंद सिंह गौर,शीतला प्रसाद,घनश्याम सिंह राठौर्, सर्वेंद्र सिंह, गोपाल मिश्रा, जितेंद्र बाबू,सुलेखा यादव, विश्वनाथ यादव, शिव गिरजा शंकर पाल,डी के सिंह,सुभाष बाबू, जय गोपाल राजपूत, प्रीति त्रिपाठी, कर्मवीर सिंह, सद्दाम हुसैन, धर्मेंद्र यादव, बृजेंद्र कुमार सिंह, महेंद्र सिंह यादव, शिवभजन पाल,अमरनाथ मिश्रा,संजय सिंह, राहुल यादव, हरिओम, धीरेंद्र यादव, रंजीत यादव, बलराम सिंह, आदि अधिवक्ता उपस्थित रहे।

 

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