उन्होंने आगे कहा, बाबा साहब भीमराव अंबेडकर जी के संविधान के तहत जो हक और सम्मान मिलना चाहिए उसमें बड़े पैमाने पर सरकार ऑर्गेनाइज्ड घोटाला कर रही है। प्रयागराज में अगर हम लोग पेपर लीक, छात्रों, परीक्षाओं की बात न करे तो बात अधूरी रह जाएगी। साथ ही कहा, समाजवादी लोग चाहते हैं कि सनातन धर्म की रक्षा हो, लेकिन सनातन धर्म की आड़ में गोरख धंधा न हो। भाजपा के शब्दकोश में न ‘धर्म’ है, न ‘शर्म’ है। सब पर चोरी का झूठा इल्ज़ाम लगानेवालों की ‘सच्ची चोरी’ भगवान ने खोल दी।
प्रयागराज। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव रविवर को प्रयागराज पहुंचे, जहां उन्होंने ‘पेपर लीक’ विषय पर प्रेसवार्ता की। इस दौरान उन्होंने भाजपा सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि, जब तक भाजपाई सांसद-विधायक की ख़रीद करते रहेंगे, तब तक पेपर लीक होता रहेगा। साथ ही कहा कि, जिन छात्रों की उम्र सीमा निकल गई है उन्हें भविष्य में न्यूनतम 3 वर्षों की छूट दी जाएगी।
उन्होंने आगे कहा, बाबा साहब भीमराव अंबेडकर जी के संविधान के तहत जो हक और सम्मान मिलना चाहिए उसमें बड़े पैमाने पर सरकार ऑर्गेनाइज्ड घोटाला कर रही है। प्रयागराज में अगर हम लोग पेपर लीक, छात्रों, परीक्षाओं की बात न करे तो बात अधूरी रह जाएगी। साथ ही कहा, समाजवादी लोग चाहते हैं कि सनातन धर्म की रक्षा हो, लेकिन सनातन धर्म की आड़ में गोरख धंधा न हो। भाजपा के शब्दकोश में न ‘धर्म’ है, न ‘शर्म’ है। सब पर चोरी का झूठा इल्ज़ाम लगानेवालों की ‘सच्ची चोरी’ भगवान ने खोल दी।
सपा अध्यक्ष ने कहा कि, चोर-चोर सौतेले भाई, जिन्होंने चुराई राम की पाई, अब जनता भाजपाइयों को देखकर कह रही है: देखो जा रहा वो भाजपाई, जिसने खाई राम की पाई…जो चोरी किया गया पैसा है, जो राम धन है, उसका जनता हिसाब मांग रही है।
भाजपा के लिए NATION FIRST नहीं, DONATION FIRST है। अब भाजपा को न चंदा मिलेगा, न दान, न वोट।
साथ ही कहा, अयोध्या ही नहीं, पूरे उत्तर प्रदेश में जनता आक्रोशित है। सुना है डोनेशन के तार कर्नाटक और महाराष्ट्र से जुड़े हैं। कर्नाटक में बैठे जो संगी-साथी ठेके पर चुनावी प्रचारक और नक़ली वोटर भेजते थे, उनका भंडाफोड़ हो गया है, अब यूपी में न वो घुस पायेंगे न उनके लोग। अयोध्या ही नहीं पूरे उप्र में आक्रोशित जनता उनके इंतज़ार में बैठी है।
अब यूपी में महाराष्ट्र और कर्नाटकवाले संगी-साथियों का काला-राज नहीं चलेगा। जनता उनसे चोरी किये ‘चढ़ावे-चंदे-दान’ का हिसाब मांगेगी। कोई भी सच्चा सनातनी भाजपा के टिकट पर नहीं लड़ेगा क्योंकि न तो कोई हारने के लिए लड़ना चाहता है, न जनता के आक्रोश का शिकार होने के लिए।