महाराष्ट्र के रायगढ़ में स्कूली छात्राओं की बनाई एक छोटी-सी वीडियो रिपोर्ट ने ऐसा असर दिखाया कि उनकी शिकायत सीधे जिम्मेदारों तक पहुंच गई। करजत तहसील की खांडपे-कोंडीवडे की ओर जाने वाली बदहाल सड़क पर छात्राओं ने चलते-चलते मजेदार अंदाज में रिपोर्टिंग की...
सोशल मीडिया डेस्क : महाराष्ट्र के रायगढ़ में स्कूली छात्राओं की बनाई एक छोटी-सी वीडियो रिपोर्ट ने ऐसा असर दिखाया कि उनकी शिकायत सीधे जिम्मेदारों तक पहुंच गई। करजत तहसील की खांडपे-कोंडीवडे की ओर जाने वाली बदहाल सड़क पर छात्राओं ने चलते-चलते मजेदार अंदाज में रिपोर्टिंग की। उन्हें शायद अंदाजा भी नहीं था कि उनकी यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद सड़क के गड्ढे भरने का काम शुरू हो जाएगा।
वीडियो में छात्राएं स्कूल ड्रेस में दिखाई दे रही हैं। बारिश के पानी से लबालब सड़क और जगह-जगह बने गड्ढों को देखकर एक छात्रा अपनी दोस्त से सड़क की हालत पर सवाल करती है। जवाब भी कम मजेदार नहीं था। छात्रा मराठी में कहती है कि सड़क ऐसी है, जैसे समृद्धि महामार्ग हो, लेकिन इस पर चलते ही पेट का पानी तक हिल जाता है।
इसके बाद मोबाइल कैमरा संभाल रही छात्रा सड़क के गड्ढों की तरफ कैमरा घुमाती है और ऐसा सवाल पूछ देती है, जिसने पूरी कहानी को सोशल मीडिया पर हिट कर दिया छात्रा कहती है समझ ही नहीं आ रहा कि सड़क पर गड्ढे हैं या गड्ढों में सड़क।
छात्राओं ने पूरी रिपोर्टिंग को बाकायदा न्यूज रिपोर्ट का अंदाज दिया था। छतरी को ही बूम माइक बना लिया और वीडियो के आखिर में एक छात्रा ने रिपोर्टर और कैमरापर्सन का परिचय भी दिया। उनका यह देसी रिपोर्टिंग स्टाइल लोगों को खूब पसंद आया और देखते ही देखते वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
वीडियो की चर्चा स्थानीय स्तर पर पहुंची तो सत्तारूढ़ शिवसेना के विधायक महेंद्र थोरवे ने सड़क पर बने गड्ढों को भरवाने के लिए अस्थायी तौर पर काम शुरू करा दिया। विधायक का कहना है कि पिछले दिनों हुई भारी बारिश के कारण सड़क का कुछ हिस्सा बह गया था।
फिलहाल गड्ढों को भरकर रास्ते को चलने लायक बनाया गया है। विधायक ने कहा है कि मानसून खत्म होने के बाद सड़क का स्थायी निर्माण कराया जाएगा।
यानी जिन छात्राओं ने मजाकिया अंदाज में सड़क की रिपोर्टिंग शुरू की थी, उनकी बात इतनी दूर तक पहुंची कि जिम्मेदारों को मौके पर काम शुरू करवाना पड़ा। अब इस कहानी में सबसे दिलचस्प बात यही है कि एक मोबाइल कैमरे से बनी कुछ मिनट की रिपोर्टिंग ने वह काम करवा दिया जिसका इंतजार शायद सड़क से गुजरने वाले लोग लंबे समय से कर रहे थे।
स्कूल की लड़कियों की 'रिपोर्टिंग'! छाते को माइक्रोफ़ोन बनाकर उन्होंने PWD की पोल खोल दी; यह वीडियो पूरे राज्य में चर्चा का विषय बना हुआ है।#Raigarh pic.twitter.com/Lg3ThhecvZ
— prime news 83 (@HungundFeroj) August 9, 2026