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‘हृदय रोग और कैंसर गंभीर स्वास्थ्य चुनौती, समय पर जांच और आधुनिक इलाज से संभव है बेहतर जीवन’

भारत में हृदय रोग और कैंसर गंभीर स्वास्थ्य चुनौती बनते जा रहे हैं। बदलती जीवनशैली, अनियमित खानपान, तनाव, शारीरिक निष्क्रियता और समय पर जांच न कराना इन बीमारियों के बढ़ते मामलों की बड़ी वजह बन रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि यदि समय रहते जांच कराई जाए और सही इलाज मिले, तो इन दोनों बीमारियों में जान बचाना और जीवन की गुणवत्ता बनाए रखना पूरी तरह संभव है।

By santosh singh 
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गोंडा: भारत में हृदय रोग और कैंसर गंभीर स्वास्थ्य चुनौती बनते जा रहे हैं। बदलती जीवनशैली, अनियमित खानपान, तनाव, शारीरिक निष्क्रियता और समय पर जांच न कराना इन बीमारियों के बढ़ते मामलों की बड़ी वजह बन रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि यदि समय रहते जांच कराई जाए और सही इलाज मिले, तो इन दोनों बीमारियों में जान बचाना और जीवन की गुणवत्ता बनाए रखना पूरी तरह संभव है।

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मेदांता अस्पताल के एसोसिएट डायरेक्टर, इंटरवेंशनल कार्डियोलॉजी, डॉ. अविनाश कुमार सिंह ने बताया कि आज कम उम्र के लोग भी हृदय रोगों की चपेट में आ रहे हैं। उन्होंने कहा, “हाई ब्लड प्रेशर, मधुमेह, मोटापा और धूम्रपान दिल की बीमारियों का खतरा तेजी से बढ़ा रहे हैं। हृदय रोग अक्सर धीरे-धीरे बढ़ते हैं, इसलिए नियमित जांच और समय पर इलाज बेहद जरूरी है।” उन्होंने बताया कि आधुनिक इंटरवेंशनल तकनीकों से अब एंजियोग्राफी, एंजियोप्लास्टी, पेसमेकर, एब्लेशन और हार्ट फेल्योर जैसी स्थितियों का इलाज पहले से ज्यादा सुरक्षित और प्रभावी हो गया है।

वहीं मेदांता अस्पताल के डायरेक्टर, रेडिएशन ऑन्कोलॉजी, कैंसर केयर, डॉ. मोहम्मद सुहैब ने कहा कि बदलती जीवनशैली के कारण कैंसर के मामलों में भी लगातार वृद्धि हो रही है। उन्होंने बताया कि ब्रेस्ट, सर्वाइकल, प्रोस्टेट और कोलन कैंसर जैसे कई कैंसर नियमित स्क्रीनिंग से शुरुआती अवस्था में पकड़े जा सकते हैं। 40 वर्ष की उम्र के बाद नियमित हेल्थ चेक-अप बेहद जरूरी है।

डॉ. सुहैब ने बताया कि IMRT, IGRT और स्टीरियोटैक्टिक रेडियोथेरेपी जैसी आधुनिक तकनीकों से कैंसर का इलाज अब ज्यादा सटीक, सुरक्षित और कम साइड इफेक्ट्स के साथ संभव हो पाया है। उन्होंने कहा कि इलाज के बाद फॉलो-अप, मानसिक स्वास्थ्य, संतुलित आहार और नियमित व्यायाम मरीज को फिर से सामान्य और सक्रिय जीवन की ओर लौटने में मदद करते हैं।

दोनों विशेषज्ञों ने कहा कि हृदय रोग और कैंसर से डरने की नहीं, बल्कि सही जानकारी, समय पर जांच और जागरूकता की जरूरत है। मेदांता अस्पताल की कार्डियोलॉजी और कैंसर केयर को लेकर गोंडा में लोगों को जागरूक किया, इसके साथ ही आम लोगों से अपील की गई है कि वे लक्षणों को नजरअंदाज न करें, क्योंकि समय पर उठाया गया एक कदम जीवन बचा सकता है।

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