एक स्कूल में छह साल की बच्ची के साथ हुआ दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। वायरल वीडियो में क्लासरूम के अंदर एक बच्चे ने मासूम बच्ची पर बेरहमी से हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया। जिसके बाद उसे चंडीगढ़ के PGI में भर्ती कराया गया है।
Haryana: हरियाणा के पंचकूला स्थित एक स्कूल में KG की बच्ची के साथ हुई बर्बर मारपीट ने स्कूलों में बच्चों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। परिजनों का आरोप है कि तीसरी कक्षा में पढ़ने वाला एक छात्र बच्ची को उसके पिता के बुलाने का बहाना बनाकर स्कूल की पहली मंजिल पर ले गया, जहां उस पर पत्थर और गमले से हमला किया गया। बच्ची गंभीर रूप से घायल होकर बेसुध हालत में मिली। उसे पहले सेक्टर-6 के नागरिक अस्पताल ले जाया गया, जहां से हालत गंभीर होने पर PGI चंडीगढ़ रेफर कर दिया गया।
परिजनों का आरोप है कि छात्र ने बच्ची से कहा कि उसके पिता बुला रहे हैं। इसी बहाने वह उसे स्कूल की पहली मंजिल पर ले गया। वहां बच्ची के साथ मारपीट की गई। घटना का CCTV फुटेज सामने आया है। वायरल वीडियो में घटना की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि आरोपी बच्चे ने पहले बच्ची पर पत्थरों से हमला किया और इसके बाद गमला उठाकर उसे चोटें पहुंचाईं। लेकिन हमला यहीं नहीं रुका। आरोपी बच्चा घायल बच्ची को काफी देर तक घसीटता रहा, बच्ची के बेहोश हो जाने के बाद भी उस पर पत्थरों से हमला करता रहा। घटना के बाद लहुलुहान बच्ची को गंभीर हालत में अस्पताल पहुंचाया गया। फिलहाल उसकी स्थिति गंभीर बताई जा रही है।
घटना के बाद परिजनों ने स्कूल प्रबंधन की निगरानी व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि यदि स्कूल में लगे CCTV कैमरों की मॉनिटरिंग प्रिंसिपल के कार्यालय से होती है, तो इतनी गंभीर घटना कैमरों में दिखाई देने के बावजूद समय रहते किसी की नजर क्यों नहीं पड़ी? उनका कहना है कि यदि समय रहते किसी ने हस्तक्षेप किया होता, तो बच्ची को इतनी गंभीर चोटों से बचाया जा सकता था।
घटना की सूचना मिलने के बाद सेक्टर-20 थाना प्रभारी यशदीप और जांच अधिकारी प्रदीप कुमार पुलिस टीम के साथ स्कूल पहुंचे। पुलिस स्कूल प्रबंधन से घटना के संबंध में जानकारी जुटा रही है। साथ ही हमला करने वाले छात्र के माता-पिता से भी पूछताछ किए जाने की बात सामने आई है।
फिलहाल पुलिस घटना की परिस्थितियों, स्कूल की निगरानी व्यवस्था और संबंधित लोगों की भूमिका की जांच कर रही है। मामले में दोनों बच्चे नाबालिग हैं, इसलिए उनकी पहचान सार्वजनिक नहीं की जा रही है।