पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के बीच तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने चुनाव आयोग ऑफ इंडिया (ECI) पर सीधा निशाना साधता है। उन्होंने BJP का “रियल ट्रंप कार्ड” करार दिया। X पर पोस्ट करते हुए अभिषेक ने लिखा कि “अगर आप सोचते हैं कि नरेंद्र मोदी, अमित शाह या योगी आदित्यनाथ बंगाल में BJP के ट्रंप कार्ड हैं, तो आप बुरी तरह गलत हैं।
नई दिल्ली। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के बीच तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने चुनाव आयोग ऑफ इंडिया (ECI) पर सीधा निशाना साधता है। उन्होंने BJP का “रियल ट्रंप कार्ड” करार दिया। X पर पोस्ट करते हुए अभिषेक ने लिखा कि
“अगर आप सोचते हैं कि नरेंद्र मोदी, अमित शाह या योगी आदित्यनाथ बंगाल में BJP के ट्रंप कार्ड हैं, तो आप बुरी तरह गलत हैं। BJP का असली ट्रंप कार्ड छाया में लड़ रहा है ,वो है मुख्य चुनाव आयुक्त।
If you think Narendra Modi, Amit Shah, or Yogi Adityanath are BJP’s trump cards in Bengal, you are sorely mistaken. The real trump card fighting for BJP from the shadows is the Chief Election Commission. BJP calls the shots, and the Election Commission obediently follows orders.… pic.twitter.com/Zrx74i9eC5
— Abhishek Banerjee (@abhishekaitc) April 16, 2026
उन्होंने लिखा कि BJP आदेश देती है और चुनाव आयोग चुपचाप मानता है। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र की कई सुरक्षा एजेंसियां और केंद्रीय बल बंगाल में तैनात किए गए हैं, खासकर तृणमूल कांग्रेस से जुड़े लोगों को निशाना बनाने के लिए। अभिषेक ने कहा कि अब उन्हें खास निर्देश दिया गया है कि TMC के संरक्षण में रहने वालों, यहां तक कि मेरे परिवार को भी पब्लिक में टारगेट करें। अभिषेक ने चुनौती देते हुए लिखा कि जो करना है कर लो… लेकिन याद रखो, तुम्हारा बंगाल में ठहराव सिर्फ 19 दिनों का है। नतीजे आने के बाद गुजरात के बाबू यहां एक घंटा भी नजर नहीं आएंगे। ये धमकी नहीं, चैलेंज है। राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने यह हमला पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के ठीक पहले चुनाव आयोग की वोटर लिस्ट रिवीजन (SIR) और केंद्रीय बलों की तैनाती को लेकर TMC-BJP के बीच चल रही तीखी जंग का हिस्सा है।
टीएमसी ने चुनाव आयोग को पत्र लिखकर की शिकायत
तृणमूल कांग्रेस ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार (Chief Election Commissioner Gyanesh Kumar) को पत्र लिखकर निर्वाचन आयोग पर पक्षपातपूर्ण रवैये का आरोप लगाया है। पार्टी ने दावा किया कि अभिषेक बनर्जी समेत उसके नेताओं और उनके परिवारों को निशाना बनाकर वाहनों की तलाशी लेने के अवैध निर्देश दिए गए हैं। 14 अप्रैल की शिकायत में टीएमसी ने आरोप लगाया कि पुलिस, पर्यवेक्षकों और केंद्रीय बलों को पार्टी के नेताओं की गतिविधियों और जनसंपर्क अभियानों पर नजर रखने के निर्देश मिले हैं। इसके समर्थन में पार्टी ने कथित व्हाट्सएप संदेशों के स्क्रीनशॉट भी सौंपे हैं। टीएमसी का कहना है कि यह पूरा मामला उसके खिलाफ सुनियोजित अभियान का संकेत देता है और आयोग निष्पक्ष नहीं रह गया है। यह शिकायत ऐसे समय आई है जब राज्य में 23 और 29 अप्रैल को मतदान और 4 मई को वोटिंग होनी है।
अभिषेक बनर्जी 19 अप्रैल को नंदीग्राम में जनसभा और पानीहाटी में रोड शो करेंगे
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में इस बार नंदीग्राम के साथ नॉर्थ 24 परगना की पानीहाटी सीट भी हाई-प्रोफाइल मुकाबले में शामिल हो गई है। तृणमूल कांग्रेस जहां नंदीग्राम में नेता विपक्ष शुभेंदु अधिकारी (Leader of the Opposition Suvendu Adhikari) को हराने के लिए पूरी ताकत झोंक रही है, वहीं पानीहाटी में पार्टी की प्रतिष्ठा दांव पर है। पानीहाटी से भाजपा ने आरजी कर कांड की पीड़िता अभया की मां को उम्मीदवार बनाया है, जिससे मुकाबला और भावनात्मक हो गया है। वहीं लेफ्ट ने आंदोलन से जुड़े चेहरे कल्टन दासगुप्ता को उतारकर त्रिकोणीय संघर्ष को और कड़ा बना दिया है। अभिषेक बनर्जी 19 अप्रैल को नंदीग्राम में जनसभा और पानीहाटी में रोड शो करेंगे। तृणमूल ने नंदीग्राम से पवित्र कर और पानीहाटी से तीर्थंकर घोष को मैदान में उतारा है। पहले सुरक्षित मानी जाने वाली पानीहाटी सीट अब तृणमूल के लिए चुनौती बन गई है, जिससे चुनावी रोमांच और बढ़ गया है।