गर्मी में पानी की ताजगी और मिठास पाने के लिए सदियों से लोग घड़े का पानी पीते आ रहे है। पूरे दिन एसी में रहने की वजह से स्किन ड्राई हो जाती है।
Earthen Pot Water : गर्मी में पानी की ताजगी और मिठास पाने के लिए सदियों से लोग घड़े का पानी पीते आ रहे है। पूरे दिन एसी में रहने की वजह से स्किन ड्राई हो जाती है। इसके लंबे समय तक इस्तेमाल से कमरे की हवा ड्राई होने लगती है। इसका असर स्किन, गले, आंखों और सांस लेने पर भी पड़ सकता है। ऐसे में कई लोग कमरे में मिट्टी के घड़े या बर्तन में पानी रख देते हैं, ताकि नमी बनी रहे। लेकिन क्या सच में यह देसी तरीका AC की ड्राईनेस कम करने में असरदार है? आइए जानते है।
AC कमरे की गर्म हवा और नमी को खींचकर बाहर निकालता है। इससे हवा में मौजूद मॉइश्चर कम हो जाता है और कमरा सूखा महसूस होने लगता है। इससे गला सूखने, स्किन का रूखापन, आंखों में जलन या होंठ फटने लगते हैं। लोग घड़े को नेचुरल ह्यूमिडिफायर की तरह इस्तेमाल करते हैं।मटके की मिट्टी के क्षारीय गुण पानी की अम्लता को संतुलित करते हैं, जिससे पाचन सुधरता है।
गले के लिए सुरक्षित: फ्रिज के पानी के विपरीत, यह गला खराब नहीं करता और गले को राहत देता है।
प्राकृतिक मिनरल्स: मिट्टी में मौजूद मिनरल्स पानी में आ जाते हैं, जो इम्युनिटी (रोग प्रतिरोधक क्षमता) को बढ़ाते हैं।
मिट्टी के घड़े का पानी प्राकृतिक रूप से ठंडा रहता है, जिससे कमरे में हल्की ठंडक और ताजगी महसूस हो सकती है। आपको रखने से बहुत ही ज्यादा फायदा हो सकता है।