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RSS बार-बार ‘हिंदू-हिंदू’ जपने के बजाय, हिंदुओं को बेरोज़गारी, भूख, गरीबी और महंगाई से मुक्ति कैसे मिले इस पर ध्यान देना चाहिए : मृत्युंजय तिवारी

RJD प्रवक्ता मृत्युंजय तिवारी (RJD spokesperson Mrityunjay Tiwari) ने कहा कि भारत में हिंदू पहले से ही एकजुट हैं। बार-बार 'हिंदू, हिंदू' जपने से क्या हासिल होगा? इसके बजाय, हमें इस बारे में सोचना चाहिए कि उन हिंदुओं का भला कैसे सुनिश्चित किया जाए जो बेरोज़गारी, भूख, गरीबी और महंगाई के कारण परेशानी झेल रहे हैं। हमें इस बात पर ध्यान देना चाहिए कि इन समस्याओं का समाधान कैसे किया जाए?

By santosh singh 
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पटना: RSS प्रमुख मोहन भागवत (RSS chief Mohan Bhagwat) के बयान पर पलटवार करते हुए RJD प्रवक्ता मृत्युंजय तिवारी (RJD spokesperson Mrityunjay Tiwari) ने कहा कि भारत में हिंदू पहले से ही एकजुट हैं। उन्होंने कहा कि बार-बार ‘हिंदू, हिंदू’ जपने से क्या हासिल होगा? इसके बजाय, हमें इस बारे में सोचना चाहिए कि उन हिंदुओं का भला कैसे सुनिश्चित किया जाए जो बेरोज़गारी, भूख, गरीबी और महंगाई के कारण परेशानी झेल रहे हैं। हमें इस बात पर ध्यान देना चाहिए कि इन समस्याओं का समाधान कैसे किया जाए?

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बता दें कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) प्रमुख मोहन भागवत ने शनिवार को कहा था कि हिंदुओ को एकजुट होकर देश को आगे ले जाना होगा। इसके लिए वैसा ही आचरण करना होगा। हम जहां रहते है वो हिंदू घर की तरह सजा होना चाहिए। हमें यह तय करना होगा कि घर की दीवारों पर स्वामी विवेकानंद की तस्वीर हो या माइकल जैक्सन की।

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भागवत ने ये बातें अंडमान के श्रीविजय पुरम में स्थित नेताजी स्टेडियम में विराट हिंदू सम्मेलन समिति द्वारा आयोजित एक जनसभा को संबोधित करते हुए कहीं। उन्होंने कहा कि हिंदू एकता के लिए एकरूपता को जरूरी नहीं मानता। बाकी दुनिया इसके उलट सोचती है।

अगर हिंदू जागेंगे तो दुनिया जागेगी। दुनिया मानती है कि भारत ही रास्ता दिखाएगा। समस्याओं पर समय बर्बाद करने के बजाय हमें समाधान खोजने चाहिए। किसी भी काम को पूरा करने के लिए शक्ति की आवश्यकता होती है और शक्ति केवल एकता से आती है।

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