ईरान ने 49 दिन बाद होर्मुज स्ट्रेट (Strait of Hormuz) को पूरी तरह से खोलने का ऐलान कर दिया है। ईरान ने कहा है कि इजरायल-लेबनान सीजफायर (Israel-Lebanon Ceasefire) के बाद होर्मुज स्ट्रेट (Strait of Hormuz) को पूरी तरह से खोल दिया गया है। इजरायल-अमेरिका (Israel-US) ने ईरान पर 28 फरवरी 2026 को हमला किया था।
नई दिल्ली। ईरान ने 49 दिन बाद होर्मुज स्ट्रेट (Strait of Hormuz) को पूरी तरह से खोलने का ऐलान कर दिया है। ईरान ने कहा है कि इजरायल-लेबनान सीजफायर (Israel-Lebanon Ceasefire) के बाद होर्मुज स्ट्रेट (Strait of Hormuz) को पूरी तरह से खोल दिया गया है। इजरायल-अमेरिका (Israel-US) ने ईरान पर 28 फरवरी 2026 को हमला किया था। इसके बाद से ही होर्मुज स्ट्रेट (Strait of Hormuz) से जहाजों की आवाजाही बाधित हो गई थी।
ईरान के विदेश मंत्री अराघची (Iranian Foreign Minister Araghchi) ने कहा कि लेबनान में संघर्ष-विराम के मद्देनज़र होर्मुज़ स्ट्रेट से सभी कमर्शियल जहाज़ों के गुज़रने का मार्ग पूरी तरह से खुला घोषित किया गया है। अराघची ने यह भी कहा कि होर्मुज को संघर्षविराम की शेष अवधि के लिए ही खोला गया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड (US President Donald) ने भी कहा है कि ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट (Strait of Hormuz) को हर तरह के जहाजों के लिए पूरी तरह से खोलने का ऐलान कर दिया है। ट्रंप ने इसकी घोषणा अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रूथ सोशल पर की है।
ईरान पर अमेरिका और इजरायल ने पहली बार 28 फरवरी 2026 को ईरान के कई ठिकानों पर हमला किया था। इसी दिन से स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से जहाजों की आवाजाही प्रभावित हुई थी। कुछ ही दिन बाद होर्मुज को ईरान ने पूरी तरह से बंद कर दिया था। इस तरह से अगर 28 फरवरी 2026 से लेकर 17 अप्रैल 2026 तक देखा जाए तो 49 दिन के बाद होर्मुज को ईरान ने पूरी तरह से खोला है। बता दें कि अमेरिका ने भी होर्मुज समेत ईरान के दूसरे बंदरगाहों पर नाकेबंदी का ऐलान कर रखा था।