1. हिन्दी समाचार
  2. उत्तर प्रदेश
  3. अमरोहा में सियासी उलटफेर: गंगेश्वरी के ब्लॉक प्रमुख राजेंद्र खड़गवंशी BJP को छोड़, हुए ‘साइकिल’ पर सवार

अमरोहा में सियासी उलटफेर: गंगेश्वरी के ब्लॉक प्रमुख राजेंद्र खड़गवंशी BJP को छोड़, हुए ‘साइकिल’ पर सवार

उत्तर प्रदेश की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। 42 हसनपुर विधानसभा क्षेत्र के गंगेश्वरी ब्लॉक प्रमुख राजेंद्र खड़गवंशी ने भाजपा छोड़कर सपा का दामन थाम लिया है। मंगलवार को उन्होंने अपनी पत्नी निर्वेश देवी के साथ सपा की सदस्यता ग्रहण की। निर्वेश देवी खुद पूर्व ब्लॉक प्रमुख और जिला पंचायत सदस्य रह चुकी हैं, जिससे इस कदम को स्थानीय राजनीति...

By हर्ष गौतम 
Updated Date

Lucknow:  उत्तर प्रदेश की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। 42 हसनपुर विधानसभा क्षेत्र के गंगेश्वरी ब्लॉक प्रमुख राजेंद्र खड़गवंशी ने भाजपा छोड़कर सपा का दामन थाम लिया है। मंगलवार को उन्होंने अपनी पत्नी निर्वेश देवी के साथ सपा की सदस्यता ग्रहण की। निर्वेश देवी खुद पूर्व ब्लॉक प्रमुख और जिला पंचायत सदस्य रह चुकी हैं, जिससे इस कदम को स्थानीय राजनीति में बड़ा असर डालने वाला माना जा रहा है। राजेंद्र खड़गवंशी, महेंद्र सिंह खड़गवंशी के छोटे भाई हैं, जो हसनपुर से भाजपा विधायक हैं। राजेंद्र 2021 के त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में भाजपा के टिकट पर गंगेश्वरी से ब्लॉक प्रमुख बने थे, लेकिन लोकसभा चुनाव 2024 से पहले ही उनके अन्य दलों के संपर्क में होने की चर्चाएं तेज हो गई थीं।

पढ़ें :- Lucknow News: लखनऊ में बदला स्कूलों का समय, अब प्री-प्राईमरी से कक्षा 8 तक के बच्चों को इतने बजे होगी छुट्टी

राजनीतिक हलकों में पहले भी उनकी तस्वीरें अखिलेश यादव के साथ सामने आ चुकी थीं, जब उन्होंने उन्हें फूलों का गुलदस्ता भेंट किया था। वहीं, अमरोहा लोकसभा सीट गठबंधन में कांग्रेस के खाते में जाने के बाद उन्होंने कांग्रेस नेताओं से भी संपर्क साधा और टिकट की मांग की थी, लेकिन बाद में फिर भाजपा कार्यक्रमों में नजर आने लगे थे। सूत्रों के मुताबिक, उनकी सपा में ज्वाइनिंग 16 अप्रैल को ही होनी थी। इसके लिए वे 15 अप्रैल की रात करीब 150 समर्थकों और 40 से ज्यादा गाड़ियों के काफिले के साथ लखनऊ पहुंचे थे, लेकिन अखिलेश यादव के लोकसभा में व्यस्त होने के चलते उस दिन औपचारिक सदस्यता नहीं हो सकी। अब आखिरकार उन्होंने सपा ज्वाइन कर ली है और पूरी तरह ‘साइकिल’ पर सवार हो गए हैं।

माना जा रहा है कि उनकी नजर अब 42 हसनपुर विधानसभा सीट से टिकट पाने पर है। इस क्षेत्र के जातीय समीकरण भी उनके पक्ष में माने जा रहे हैं, जहां करीब 3.39 लाख मतदाताओं में खड़गवंशी समाज के लगभग 1.15 लाख, मुस्लिम मतदाता करीब 1.10 लाख और यादव मतदाता लगभग 10 हजार हैं। राजेंद्र खड़गवंशी के इस कदम को हसनपुर की राजनीति में बड़ा उलटफेर माना जा रहा है, जिसका असर आने वाले चुनावों में साफ दिखाई दे सकता है।

इन टॉपिक्स पर और पढ़ें:
Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक, यूट्यूब और ट्विटर पर फॉलो करे...